मौजूदा दौर में पूरे विश्‍व में सिंगल फैमिली का चलन है। हालांकि भारत में सदा से संयुक्‍त परिवारों की परंपरा रही है लेकिन अब भारत में भी ज्‍वाइंट फैमिली घटती जा रही है और एकल परिवार बढ़ते जा रहे हैं। केवल किसी त्‍योहार, समारोह, विवाह या जन्‍मदिन के मौके पर ही अब सारे रिश्‍तेदारों का मिलना होता है। लेकिन इस दौर में एक परिवार ऐसा भी है जो एकल परिवार के नियम को तोड़ता है। इसमें रहने वाले सदस्‍यों की संख्‍या एक, दो, तीन या चार नहीं बल्कि पूरी 181 है। जी हां, आपने सही पढ़ा। 181 सदस्‍य। इस परिवार को दुनिया के सबसे बड़े परिवार के रूप में माना जाता है। 100 से अधिक कमरों में रहने वाला यह विशाल परिवार आज एकल परिवार की अनूठी मिसाल बन गया है। इस परिवार से जुड़ी सारी बातें रोचक और अनोखी हैं। मसलन, परिवार का मुखिया एक है और उसकी 39 बीवियां हैं। आइये जानते हैं इस परिवार के बारे में ये मजेदार तथ्‍य।

यह परिवार भारत के मिजोरम में है। इसके मुखिया का नाम है ziona chana जिओना चाना जो विश्‍व के सबसे बड़े परिवार के मुखिया के तौर पर ख्‍यात हैं। उनकी 39 पत्नियां हैं और कुल बच्‍चों की संख्‍या 94 है। इस परिवार में 14 बहुएं हैं और पोते-पोतियों की संख्‍या 33 है। इस तरह इस परिवार में 181 सदस्‍य हुए। ziona chana अपने इस लंबे चौड़े परिवार के साथ मिज़ोरम के गांव बटवंग में रहते हैं। जब सदस्‍य ही इतने ज्‍़यादा हैं तो जा़हिर है घर भी बड़ा ही होगा। यह पूरा परिवार एक बड़े से घर में रहता है। कमरों की संख्‍या ही करीब सौ से ज्‍या़दा है। आप सोच रहे होंगे कि इतने बड़े परिवार को चलाने के लिए जरूर ziona chana बड़ा बिजनेस करते होंगे या धनी शख्‍स होंगे लेकिन ऐसा नहीं है। वे एक साधारण से कारपेंटर हैं जो परिवार के लिए बहुत काम करते हैं। खास बात यह है कि चुनावों के समय इस परिवार को बहुत तवज्‍जो दी जाती है। यह स्‍वाभाविक भी है। आखिर यह परिवार जिस भी दल को सपोर्ट कर देगा उसके लिए एक साथ सैकड़ों वोट तो तैयार ही हो जाएंगे।

ऐसे बनता है 181 लोगों का खाना

इस बड़े घर में एक विशाल रसोईघर है। 181 सदस्‍यों के लिए इसी में दोनों समय का खाना पकता है। परिवार की सारी महिलाएं सुबह से ही खाना बनाने के काम में जुट जाती हैं। केवल खाना ही नहीं, घर के सारे अन्‍य काम भी ये सदस्‍य आपस में मिलकर पूरे करते हैं। सबके बीच में बेहतर तालमेल बना हुआ है और कभी किसी में खटपट नहीं होती। मुखिया जिओना चाना ने सभी को बहुत अच्‍छे से रख रखा है। इस घर की औरतें घर के अलावा खेतों में भी काम करती हैं।

एक दिन में 45 किलो चावल, 25 किलो दाल

जितने राशन में एक सामान्‍य परिवार दो महीने का समय गुजार सकता है, उतने में तो यहां एक ही दिन की खुराक बन पाती है। एक दिन में यहां 45 किलो चावल, 25 किलो दाल, 60 किलो सब्जियों की खपत हो जाती है। यानी एक दिन में 70 किलो तो दाल एवं चावल की ही खपत है। अंडों की तो गिनती ही नहीं है। सैकड़ों अंडे प्रतिदिन खाए जाते हैं। 30 से 40 मुर्गियां एक दिन में लग जाती हैं। परिवार के 181 सदस्‍य एक दिन में 20 किलो फल चट कर जाते हैं।

पहली पत्‍नी शेष पत्नियों से करती है यह बात

जियोना की पहली पत्नी अन्‍य शेष 38 पत्नियों के बीच काम का बंटवारा करती है। वह सभी के काम की निगरानी भी करती हैं। सभी पत्नियों में एक तरह की दोस्‍ती है और अन्‍य परिवारों की तरह यहां ईगो हर्ट होने या ईर्ष्‍या के चलते पारिवारिक झगड़े नहीं होते।

बर्थडे याद रखना भी चुनौती

इतने बड़े परिवार में हर दूसरे दिन किसी ना किसी को जन्‍मदिन होता ही है। हालांकि सभी के जन्‍मदिन याद रख पाना संभव नहीं है लेकिन किसी तरह सब मैनेज कर लेते हैं। एक दूसरे का बर्थडे याद रख लेते हैं और सेलिब्रेट भी कर लेते हैं।

Posted By: Navodit Saktawat

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

ipl 2020
ipl 2020