जयपुर। रामजन्म भूमि मामले में राजस्थान भाजपा ने अपने कार्यकर्ताओंं को सयंमित रहने और बयानबाजी नहीं करने के निर्देश दिए है। पार्टी नेतृत्व ने कार्यकर्ताओं से कहा है कि जो भी फैसला आए, उस पर सयंमित ढंग से व्यवहार किया जाए। पार्टी के आईटी प्रकोष्ठ ने भी इस बारे में पूरी टीम को निर्देश दे दिए हैं। रामजन्म भूमि विवाद का फैसला कुछ ही दिनों में आने वाला है और बताया जा रहा है कि पार्टी के केन्द्रीय नेतृत्व ने सभी प्रदेश इकाइयों को फैसले पर संयमित व्यवहार के निर्देश भेजे हैंं।

इसी क्रम में राजस्थान भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया ने भी निर्देश जारी किए है। प्रदेश संगठन महामंत्री चंद्रशेखर ने इस बारे में पार्टी पदाधिकारियों, विधायकों और प्रवक्ताओं की बैठक भी ली। संगठन महामंत्री ने बैठक में साफ तौर पर कहा है कि कोई भी नेता कार्यकर्ता फैसले के आसपास यह फैसला आने के बाद मीडिया में बयानबाजी नहीं करेगा।

साथ ही सोशल मीडिया में भी किसी तरीके के कोई ऐसे भाव व्यक्त नहीं करेगा जिससे कि समाज की शांति व्यवस्था भंग हो। बैठक में बताया कि केंद्रीय नेतृत्व का साफ तौर पर निर्देश हैंं कि इस मामले में केन्द्र से मिले निर्देशों के अनुसार ही काम किया जाएगा।

प्रदेश भाजपा संगठन ने अपनी सोशल मीडिया टीम को भी आगाह किया है कि भाजपा के कार्यकर्ताओं को इस बात की खास तौर पर जानकारी दी जाए कि राम जन्मभूमि मंदिर के फैसले को लेकर किसी तरीके का कोई भी ऐसा बयान सोशल मीडिया में नही देना है जिससे कि समाज का भाईचारा बिगड़े या किसी भी धर्म की भावनाएं आहत हों।

पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया ने कहा कि यह बहुप्रतीक्षित मामला है और पार्टी नेतृत्व ने तय किया है कि इस मामले को लेकर समाज में किसी तरह अशांति या अव्यवस्था न फैले, इसके लिए कार्यकर्ताओं को फैसले का सम्मान करना है और फैसला आने से पूर्व और उसके बाद इस मामले पर किसी तरीके की बयानबाजी भी नहीं करनी है।

देश के लिए एक बड़ा मामला है। हमारे कार्यकर्ताओं से कहा गया है कि शांति और सदभाव के साथ व्यवहार करना है। हमारे कार्यकर्ता ने अतिरकपूर्ण बयान देगे और न ही कोई रैली, जुलूस या किसी तरह की गतिविधि करेंगे।

Posted By: Navodit Saktawat