जयपुर। राजस्थान में बहुजन समाज पार्टी (BSP) में हुई बगावत के बाद पार्टी सुप्रीमो मायावती ने बड़ा कदम उठाया है। मायावती ने सोमवार को पार्टी की पूरी राजस्थान इकाई को भंग कर दिया। बता दें, प्रदेस में बसपा के 6 विधायक थे, जिन्होंने हाल ही में कांग्रेस का दामन थाम लिया था। साथ ही रविवार को प्रदेश कार्यकारिणी और जिला अध्यक्षों की बैठक में भी भारी हंगामा हुआ था। कार्यकर्ताओं द्वारा नेताओं के साथ मारपीट करने की घटना से पूरे प्रदेश में पार्टी की थू-थू हुई थी।

इन्हें मिली नई जिम्मेदारी

राजस्थान में अब पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रामजी गौतम और मुनकाद अली प्रदेश प्रभारी के रूप में काम देखेंगे। दोनों नेताओं को मायावती ने जिलों में जाकर पार्टी कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने और निचले स्तर से नए सिरे से संगठन तैयार करने की जिम्मेदारी सौंपी है।

रविवार को हुआ था ऐसा भारी हंगामा

रविवार को बसपा कार्यकर्ताओं ने हंगामा किया था और आरोप लगाया था कि प्रदेश केबड़े नेता पैसे लेकर टिकट और पद बांटते हैं। इस दौरान मारपीट हुई थी और मामला थाने तक पहुंच गया था। इस घटना के बाद मायावती ने अपने स्तर पर जानकारी जुटाई तो पता चला कि प्रदेश पदाधिकारियों ने गलत ढंग से काम किया है। पार्टी के पुराने कार्यकर्ताओं ने सोमवार सुबह प्रदेश पदाधिकारी एवं विधानसभा चुनाव में पर्यवेक्षक बनाए गए धर्मवीर अशोक के खिलाफ तथ्य मायावती को भेजे । इसके बाद मायावती ने प्रदेश कार्यकारिणी को भंग कर दिया ।

Posted By: Arvind Dubey