Chhath Puja Arag Time 2020: नहाए खाए के साथ बुधवार को छठ महापर्व शुरू हो गया। साथ ही छठ व्रत के दौरान सूर्य को अर्घ्य समर्पित करने के लिए घाटों पर तैयारी अंतिम चरण में है। हालांकि इस साल कोरोना को देखते हुए कई श्रद्धालु घाटों पर जाकर घर में ही किसी जलपात्र में सूर्य को अर्घ्य समर्पित करेंगे। वहीं छठ पूजा कार्तिक माह के शुक्लपक्ष की षष्ठी तिथि 20 नवंबर को मनाई जाएगी। षष्ठी तिथि 19 नवंबर को रात 9:58 बजे प्रारंभ होगी और 20 नवंबर रात 9:29 बजे समाप्त होगी। 20 नवंबर को सूर्योदय सुबह 6:48 बजे होगा व सूर्यास्त 5:36 बजे होगा। षष्ठी तिथि को सुबह अर्घ्य देने का समय 6:48 बजे है। व्रत रखने वाली महिलाएं सूर्य को जल अर्पित करती हैं व पूजा के लिए तालाब या नदी में स्नान कर डूबते सूर्य की पूजा करती है। छट पर्व 18 नवंबर को रवि योग में प्रारंभ हुआ है, जो 21 नवंबर को समाप्त होगा।

सूर्य अर्घ्य मंत्र: अर्घ्य देते समय इस मंत्र का करना चाहिए उच्चारण

ऊं ऐही सूर्यदेव सहस्त्रांशो तेजो राशि जगत्पते।

अनुकम्पय मां भक्त्या गृहणार्ध्य दिवाकर:।।

ऊं सूर्याय नम:, ऊँ आदित्याय नम:, ऊं नमो भास्कराय नम:। अर्घ्य समर्पयामि

ताबें के लोटे का करें प्रयोग, जलधार में करें सूर्य दर्शन

सूर्य को जल चढ़ाने के लिए तांबे के लोटे का उपयोग करना चाहिए। सूर्य के लिए रविवार को गुड़ का दान करना चाहिए। जल चढ़ाते समय सूर्य को सीधे न देखें, गिरते जल की धारा में सूर्यदेव के दर्शन कराना चाहिए।

रोज सुबह सूर्य को पहली बार देखते समय सूर्य के मंत्रों का जाप करें।

-मंत्र: ऊं सूर्याय नम:, ऊं आदित्याय नम:, ऊं भास्कराय नम: आदि।

Posted By: Arvind Dubey

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