Turning Point of Sachin Tendulkar Career: मास्टर ब्लास्टर Sachin Tendulkar की गिनती दुनिया के महानमत क्रिकेटरों में की जाती हैं। Sachin Tendulkar के लिए 27 मार्च का खास महत्व है क्योंकि इस दिन तत्कालीन कप्तान मोहम्मद अजहरूद्दीन द्वारा उठाए गए एक कदम से उनके करियर में निर्णायक मोड़ आया था। 26 साल पहले 1994 में न्यूजीलैंड के खिलाफ ऑकलैंड वनडे में नवजोत सिद्धू की जगह SachinTendulkar को पारी की शुरुआत करने भेजा गया था और इसके बाद तो इतिहास रचा गया।

1994 के न्यूजीलैंड दौरे पर 27 मार्च को खेले गए दूसरे वनडे में गर्दन में सूजन की वजह से नवजोत सिंह सिद्धू नहीं खेले, इसकी वजह से कप्तान अजहर ने पारी की शुरुआत करने Sachin Tendulkar को भेजा। Sachin Tendulkar ने इस मौके का जमकर फायदा उठाया और धमाकेदार बल्लेबाजी कर भारत को आसान जीत दिलाई। उन्होंने 49 गेंदों में 15 चौकों और 2 छक्कों की मदद से 82 रन बनाकर ओपनर के रूप में अपनी काबिलियत को साबित कर दिया। भारत ने यह मैच 7 विकेट से जीता।

इस मैच के दौरान भारत को सचिन तेंडुलकर के रूप में एक ऐसा ओपनर मिला जिसने इतिहास रच दिया। सचिन ने ओपनर के रूप में कई वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाए जो अभी भी कायम हैं। सचिन तेंडुलकर ने 463 इंटरनेशनल वनडे मैचों के करियर में से 340 मैचों में ओपनर के रूप में बल्लेबाजी कर 48.29 की औसत से 15310 रन बनाए। इंटरनेशनल वनडे में इतने ज्यादा रन किसी ओपनर ने नहीं बनाए हैं। वैसे सचिन के नाम कुल इंटरनेशनल वनडे में कुल 18426 रन दर्ज हैं।

सचिन तेंडुलकर ने अपने चमकीले करियर में सबसे ज्यादा 200 टेस्ट मैच खेले, लेकिन वे इस दौरान सिर्फ एक बार पारी की शुरुआत करने उतरे। उन्होंने 200 टेस्ट मैचों में 53.78 की औसत से 15921 रन बनाए जो टेस्ट क्रिकेट में किसी भी बल्लेबाज के सबसे ज्यादा रन हैं। उन्होंने एक बार पारी की शुरुआत कर 15 रन बनाए थे।

Posted By: Kiran K Waikar