मुंबई। बीसीसीआई इस तैयारी में है कि इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के 2021 संस्करण से टीमों की संख्या को 8 से बढ़ाकर 10 कर दिया जाए। दो नई टीमों को शामिल करने की कवायद तेजी से चल रही है।

टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार इसी मामले में लंदन में विभिन्न फ्रेंचाइजियों के मालिकों और लीग से जुड़े अधिकारियों की बैठक हुई। बीसीसीआई ने 2011 में टीमों की संख्या को बढ़ाकर 10 किया था लेकिन कई विवादों के चलते उसे दो साल बाद ही इससे पीछे हटना पड़ा था।

इन दो नई फ्रेंचाइजियों के लिए अडानी ग्रुप (अहमदाबाद), आरपीजी-संजीव गोयनका ग्रुप (पुणे) और टाटा (रांची और जमशेदपुर) जैसे उद्योग घरानों द्वारा दावेदारी पेश करने की संभावना है। इस प्रोजेक्ट से जुड़े सूत्रों के अनुसार प्लान तैयार है और आईपीएल के अगले संस्करण के पहले सबकुछ सामने आ जाएगा।

मोटेरा में एक लाख दर्शक क्षमता वाला स्टेडियम बनकर लगभग तैयार है और इसकी गिनती दुनिया के सर्वश्रेष्ठ स्टेडियमों में की जाएगी। अडानी ग्रुप 2010 में फ्रेंचाइजी हासिल करने में असफल रहा था लेकिन इस बार वह फिर दावेदारी पेश करेगा। बीसीसीआई द्वारा सहारा पुणे वॉरियर्स को हटाने के बाद से पुणे स्थित महाराष्ट्र क्रिकेट एसोसिएशन (एमसीए) स्टेडियम बिना किसी फ्रेंचाइजी के चल रहा है। 2016-17 में संजीव गोयनका ग्रुप फिर दो सालों के लिए आईपीएल में लौटा लेकिन अब वे लंबे समय के साथ जुड़ना चाहते हैं। उन्होंने दिल्ली डेयरडेविल्स और राजस्थान रॉयल्स के साथ संपर्क किया था लेकिन उनकी वार्ता असफल रही।

टाटा ग्रुप झारखंड में आईपीएल की एक फ्रेंचाइजी चाहता है। महेंद्रसिंह धोनी इसी राज्य का प्रतिनिधित्व करते हैं। इसके अलावा उद्योगपतियों का एक ग्रुप लखनऊ और कानपुर के लिए फ्रेंचाइजी हासिल करना चाहता है।