चेन्नई। जी पेरियास्वामी की घातक गेंदबाजी (15/5) की मदद से चैपक सुपर गिलीज ने डिंडीगुल ड्रेगन्स को 12 रनों से हराकर तमिलनाडु प्रीमियर लीग (TNPL) के खिताब पर कब्जा जमाया। भारत के 'लसिथ मलिंगा' के रूप में पहचाने जाने वाले पेरियास्वामी ने अंतिम ओवर में चमत्कारिक गेंदबाजी करते हुए 3 विकेट लेकर अपनी टीम को खिताब दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पूर्व ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटर शेन वॉटसन ने विजेता टीम को पुरस्कृत किया।

पेरियास्वामी ने 15 रनों पर 5 विकेट लिए। डिंडीगुल ड्रेगन्स को अंतिम ओवर में जीत के लिए 15 रन चाहिए थे लेकिन पेरियास्वामी ने इसमें सिर्फ दो रन दिए और तीन शिकार किए। पेरियास्वामी ने पारी के 18वें ओवर में भी शानदार प्रदर्शन कर मात्र 6 रन दिए थे, जबकि उस वक्त डिंडीगुल को 18 गेंदों में जीत के लिए 29 रन चाहिए थे। पहले बल्लेबाजी कर चैपक टीम ने 20 ओवरों में 8 विकेट पर 126 रन बनाए। इसके जवाब में डिंडीगुल 9 विकेट पर 114 रन ही बना पाई। इस टीम को रविचंद्रन अश्विन की कमी खली जो भारतीय टेस्ट टीम के साथ इस समय वेस्टइंडीज में है।

लसिथ मलिंगा की तरह पेरियास्वामी का स्लिंग गेंदबाजी एक्शन है और वे उनकी तरह ही सटीक यॉर्कर डालते हैं। चैपक टीम के कोच हेमांग बदानी ने कहा, पेरियास्वामी गरीब पृष्ठभूमि से आते हैं। उन्हें इतना अच्छा प्रदर्शन करता देख खुशी हुई। वे हमारी पहली पसंद थे और वे विश्वास पर खरे उतरे। इंटरनेशनल क्रिकेटर विजय शंकर ने कहा, पेरियास्वामी हमारी टीम के एक्स फैक्टर है और उन्होंने मौके पर सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया।

पेरियास्वामी ने हासिल किए तीन प्रमुख खिताब :

पेरियास्वामी ने 15 रनों पर 5 विकेट लिए और वे फाइनल के मैन ऑफ द मैच चुने गए। वे लीग के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी भी चुने गए। उन्होंने 9 मैचों में सबसे ज्यादा 21 विकेट लिए और वे लीग के सबसे सफल गेंदबाज भी बने।