हरारे। सरकार के हस्तक्षेप के चलते जिम्बाब्वे क्रिकेट को आईसीसी द्वारा निलंबित किए जाने से सिकंदर रजा समेत जिम्बाब्वे के कई क्रिकेटरों ने दुख जताया।

आईसीसी ने गुरुवार को अपने संविधान के उल्लंघन के चलते जिम्बाब्वे क्रिकेट को तुरंत प्रभाव से निलंबित कर दिया। इसके बाद इमोशनल पोस्ट के जरिए सिकंदर रजा ने कहा कि वे अब खेल से संन्यास लेना चाहेंगे। उन्होंने लिखा, एक फैसले से कई लोग बेरोजगार हो गए। इस एक फैसले से कई परिवार प्रभावित हुए। कई लोगों के करियर खत्म हो गए। अब मैं इंटरनेशनल क्रिकेट को अलविदा कहना चाहता हूं।

जिम्बाब्वे के पूर्व कप्तान ब्रैंडन टेलर ने कहा कि यह दिल तोड़ने वाला फैसला है और देश में इस खेल से जुड़े लोगों का करियर खत्म हो जाएगा। उन्होंने ट्वीट किया, आईसीसी का फैसला सुनकर दिल टूट गया। हमारे चेयरमैन सांसद है लेकिन हमारे संगठन में सरकार का हस्तक्षेप नहीं है। खिलाड़ियों, सपोर्ट स्टाफ, ग्राउंड स्टाफ जैसे सैकड़ों लोग इस एक फैसले से बेरोजगार हो गए।

जिम्बाब्वे के तेज गेंदबाज काइल जार्विस ने भी सोशल मीडिया पर निराशा जाहिर की। उन्होंने ट्वीट के जरिए कहा, कई अच्छे लोग एक फैसले से बेरोजगार हो गए। आईसीसी के इस फैसले के बाद जिम्बाब्वे के ऑलराउंडर सोलोमान मिर ने क्रिकेट के सभी फॉर्मेट से संन्यास की घोषणा कर दी। मैंने हालिया दौरे के बाद खिलाड़ियों और तकनीकी स्टाफ को अपने फैसले से अवगत कराया था। मैं विधिवत रूप से इसकी घोषणा करना चाहता था।

47 वनडे मैचों में जिम्बाब्वे का प्रतिनिधित्व कर चुके सोलोमान ने कहा, यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि मैं इस स्थिति से खेल को अलविदा कह रहा हूं लेकिन मैंने आगे बढ़ने का फैसला कर लिया है।