बासेल (एजेंसी)। दो बार की रजत पदक विजेता पीवी सिंधू ने बीडब्ल्यूएफ विश्व बैडमिंटन चैंपियनशिप के सेमीफाइनल में प्रवेश कर लिया। सिंधु ने एक गेम से पिछड़ने के बाद शानदार वापसी की और विश्व की नंबर दो खिलाड़ी ताई झू यिंग को हराया। वहीं पुरुष वर्ग में भारत के बी साई प्रणीत ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए सेमीफाइनल में प्रवेश किया। प्रणीत ने इंडोनेशिया के जोनाथन क्रिस्टी को सीधे गेम में हराया। इसी के साथ प्रणीत ने 36 सालों बाद देश के लिए पदक पक्का किया है।

महिला एकल वर्ग में रोमांचक रहे क्वार्टर फाइनल मुकाबले में सिंधू ने चीनी ताइपे की यिंग को 12-21, 23-21, 21-19 से हराया। सिंधू की यिंग पर ये लगातार दूसरी जीत है। इससे पहले दोनों के बीच पिछले साल मुकाबला हुआ था जिसमें सिंधू ने जीत दर्ज की थी। हालांकि ओवरऑल रिकॉर्ड की बात की जाए तो यिंग का रिकॉर्ड सिंधु से बेहतर है।

यिंग ने पिछले साल यहां अपने देश को बैडमिंटन का पहला स्वर्ण दिलाया था। लेकिन यहां सिंधु के सामने वे अपनी अच्छी बढ़त को कायम नहीं रख सकीं। यिंग ने लगातार स्मैश के जरिये 7 अंकों की बढ़त के साथ पहला गेम महज 15 मिनटों में 21-12 से जीता। लेकिन इसके बाद सिंधु ने जबर्दस्त खेल दिखाया और ब्रेक पर 11-9 की बढ़त बनाई। दोनों खिलाड़ियों के बीच अच्छा संघर्ष हुआ और गेम 21-21 की बराबरी पर पहुंचा। यहां सिंधू ने लगातार दो अंक हासिल कर गेम जीतकर मैच में बराबरी कर ली। निर्णायक गेम में यिंग ने 5-2 की बढ़त ली। ब्रेक के समय वे 11-9 से आगे थीं, लेकिन सिंधू ने 15-15 की बराबरी हासिल करने के बाद 21-19 से गेम और मैच जीत लिया।

साइना प्री-क्वार्टर फाइनल में हारीं

उधर ओलिंपिक कांस्य पदक विजेता साइना नेहवाल को प्री-क्वार्टर फाइनल में हार का सामना करना पड़ा। 8वीं वरीयता प्राप्त साइना को 12वीं वरीयता प्राप्त डेनमार्क की मिया ब्लिचफेल्ट ने एक घंटे 12 मिनट तक चले मैच में 15-21, 27-25, 21-12 से हराया। साइना ने जकार्ता में 2015 में रजत और ग्लास्गो में 2017 में कांस्य पदक जीता था।

प्रणीत ने पदक किया पक्का

उधर पुरुष एकल वर्ग में बी साई प्रणीत ने 36 सालों बाद भारत के लिए पदक पक्का करते हुए सेमीफाइनल में प्रवेश किया। इस साल अर्जुन पुरस्कार के लिए चुने गए प्रणीत ने क्वार्टर फाइनल में एशियाई खेलों के स्वर्ण पदक विजेता जोनाथन पर 24-22, 21-14 से हराया। प्रणीत जहां विश्व में 19वें नंबर के खिलाड़ी हैं वहीं जोनाथन विश्व के चौथे नंबर के खिलाड़ी हैं। सेमीफाइनल में प्रणीत का सामना वर्ल्‍ड चैंपियन जापान के केंटो मोमोटा से होगा।

प्रणीत की ये जीत इसलिए बड़ी है क्योंकि उनसे पहले प्रकाश पादुकोण ने 1983 में इस टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में पहुंचकर भारत के कांस्य पदक जीता था। 36 सालों बाद अब साई प्रणीत दूसरे भारतीय पुरुष हैं जिन्‍होंने इस टूर्नामेंट में पदक पक्‍का किया है।

पुरुष-महिला दोनों वर्गों में पदक पक्का

सिंधु और प्रणीत दोनों के सेमीफाइनल में पहुंचने के बाद ये पहला मौका होगा जब भारत को महिला और पुरुष वर्ग के सिंगल्‍स में पदक पक्का हुआ है।