सैन फ्रांसिस्को। इंटरनेट और सोशल नेटवर्किंग साइट्स हैकर्स के निशाने पर रहते हैं और पिछले कुछ सालों में इन पर से डेटा लीक और चोरी के कईं मामले सामने आए हैं। इसी कड़ी में एक और डेटा लीक का मामला सामने आया है जिसमें फेसबुक और ट्विटर यूजर्स की जानकारी गलत हाथों में पहुंच गई है। हाल ही में सोशल नेटवर्किंग प्लेटफॉर्म फेसबुक और ट्विटर उपभोक्ताओं के डेटा लीक होने का एक नया मामला सामने आया है। इन दोनों सोशल मीडिया साइटों ने माना कि इस डेटा चोरी में सैकड़ों उपभोक्ताओं के डेटा को गलत तरीके से एक्सेस किया गया है।

सोशल नेटर्किंग कंपनियों ने कहा है कि यूजर्स के डेटा की चोरी गूगल प्ले स्टोर पर मौजूद कुछ ऐप कर रहे थे। इसमें उन यूजरों को ज्यादा नुकसान पहुंचा है, जिन्होंने इन ऐप में लॉगइन किया था। सुरक्षा शोधकर्ताओं ने बताया कि 'वन ऑडिएंस और मोबीबर्न सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट किट' ट्विटर और फेसबुक यूजर्स के डेटा का एक्सेस दे रहे थे। इसमें ईमेल एड्रेस, यूजरनेम और ताजा ट्वीट को एक्सेस किया जा रहा था। इस बारे में ट्विटर और फेसबुक ने कहा है कि वे उन यूजरों को सूचित करेंगे जिनके डेटा को एक्सेस किया गया है।

ट्विटर ने एक बयान जारी कर कहा कि हमें वन ऑडिएंस द्वारा मैंटेन किए जा रहे वायरस वाले मोबाइल सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट किट के बारे में पता चला। हम आपको इसके बारे में इसलिए बता रहे हैं, क्योंकि हमारा मानना है कि अगर ट्विटर हैंडल पर उपभोक्ताओं की निजता को नुकसान पहुंचता है, तो उन्हें इसकी जानकारी देना हमारी जिम्मेदारी है।

दूसरी तरफ फेसबुक ने डेटा चोरी की जानकारी होने के बाद दोनों ऐप को प्लेटफॉर्म की पॉलिसी का उल्लंघन करने के कारण हटा दिया है। फेसबुक ने कहा कि वह उन यूजरों को इसकी जानकारी देगा, जिनके बारे में उसे लगता है कि उनके डेटा को इन ऐप ने गलत तरीके से एक्सेस किया है। ट्विटर ने इसकी जानकारी गूगल और एपल को दे दी है, ताकि वे इस सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट किट के खिलाफ जरूरी कार्रवाई कर सकें।

Posted By: Ajay Barve