मल्टीमीडिया डेस्क। इंटनरेट हमेशा की एक खुला मैदान रहा है जहां सैकड़ों तरीके से कोशिश करने के बाद भी हैकर्स के निशाने पर आप कहीं ना कहीं से आ ही जाते हैं। आसानी से उपलब्ध जानकारी के लिए आप जैसे ही इंटरनेट पर जाते हैं तो आप ऐसी दुनिया में कदम रख देते हैं जिसमें आपके डेटा पर हैकर्स की नजर होती है। पिछले कुछ समय से हैर्स आपके डेटा तक पहुंचने के लिए कईं तरीके अपनाते आ रहे हैं और अब एक नया तरीका चुना है। यह तरीका है आपको मिलने वाले पुश नेटिफिकेशंस।

क्या है पुश नोटिफिकेशन

दरअसल, पुश नोटिफिकेशन बेहद ही आम चीज है। लोगों तक जानकारी पहुंचाने के लिए आज के वक्त में इसका सबसे ज्यादा उपयोग होता है। जैसे ही आप कोई साइट या ऐप डाउनलोड करते हैं तो उसका पुश नोटफिकेशन भी एक्टिवेट हो जाता है और आपको उससे जुड़े नोटिफिकेशन मिलने लगते हैं। अगर आसान भाषा में समझें तो आपके फोन या लैपटॉप पर आने वाले वो छोटे नोटिफिकेशन जो आपको न्यूज और दूसरी चीजों से अपडेट करते हैं और उन पर क्लिक करते ही वो आपको उससे संबंधित वेबसाइट पर ले जाते हैं।

हैकर्स कर रहे दुरुपयोग

अब इन्ही पुश नोटिफिकेशंस का हैकर्स ने दुरुपयोग शुरू कर दिया है। एंटी वायरल बनाने वाली कंपनी Kaspersky ने एक रिपोर्ट में दावा किया है कि इन ब्राउजर नोटिफिकेशन की मदद से हैकर्स आपकी जानकारी चुरा रहे हैं। दरअसल, हैकर्स अनचाहे विज्ञापन या फिर सॉफ्टवेयर डाउनलोड करने के नोटिफिकेशन भेजते हैं। इन नोटिफिकेशन पर क्लिक करते ही आप हैकर्स के जाल में फंस सकते हैं।

मसलन, आप जैसे ही किसी साइट नोटिफिकेशन पर क्लिक करते हैं तो वहां आपसे कैप्चा कोड या फिर आपसे और कोई जानकारी डालने को कहा जाता है। जैसे ही आप ऐसा करते हैं तो यह फर्जी नोटिफिकेशन आपकी जानकारी ढूंढने लगता है।

तेजी से बढ़े हैं पुश नोटिफिकेशंस

Kaspersky के अनुसार पिछले कुछ समय में इस तरह के पुश नोटिफिकेशन की संख्या बढ़ी है। हर महीने इस तरह के नोटिफिकेशन से शिकार होने वाले लोगों की संख्या तीन गुना बढ़ जाती है। इस साल जनवरी में जहां इनकी संख्या 1,722,545 थी वहीं सितंबर में यह बढ़कर 5,544,530 हो गए।

Posted By: Ajay Barve