बहन-भाई के प्रेम का पर्व भाई दूज दिवाली के बाद मनाया जाता है। इस बार यह पर्व 3 नवंबर यानी रविवार के दिन मनाया जाने वाला है।
भाई दूज को भाई और बहन के प्रेम का प्रतीक माना जाता है। इस दिन बहनें अपने भाई के माथे पर तिलक लगाकर कुछ विशेष रस्में निभाती हैं।
भाई दूज के दिन बहनें अपने भाई को पान भी खिलाती हैं। माना जाता है कि यह इस पर्व की विशेष परंपरा होती है।
भाई को पान खिलाने से बहन और भाई के रिश्ते में मिठास बनी रहती हैं। साथ ही, दोनों के रिश्ते में अटूट प्रेम बना रहता है।
पान खिलाकर बहन अपने भाई की सुख-समृद्धि की कामना करती हैं। यही कारण है कि इस रस्म को जरूरी माना जाता है।
भाई-दूज का त्योहार पारिवारिक एकता को बढ़ाने का काम भी करता है। खासतौर पर पान खिलाने से परिवार के सदस्यों के बीच आपसी प्रेम बढ़ता है।
पान को शुभता और पवित्रता का प्रतीक माना जाता है। यह भी एक अहम वजह है, भाई दूज के दिन पान खिलाने की।
जब बहनें अपने भाई को पान खिलाती हैं तो उसे आशीर्वाद का प्रतीक माना जाता है। इसके जरिए बहन अपने भाई को सुख-शांति पूर्ण जीवन का आशीर्वाद देती है।