शादी या शादी से पहले पत्नियां यही कहती हैं कि तुम जैसे हो वैसे ही पसंद हो। लेकिन शादी के कुछ समय बाद से ही पत्नियां, पतियों की उसी आदत को बुरी आदत कहने लगती हैं, जो उन्हें कभी बहुत पसंद थी।
शादी के समय महिलाएं कहती हैं कि वे पति का हमेशा सम्मान करेंगी। लेकिन समय के साथ सम्मान करना तो दूर, कई जोड़ों में तलाक जैसी स्थिति बन जाती है।
अक्सर शादी के समय पत्नियां कहती है कि वे पति का बुरे वक्त में भी साथ देंगी। लेकिन जब किसी वजह से उनके कारोबार या अन्य काम में गिरावट आती है तो पत्नियों से सपोर्ट नहीं मिला।
ज्यादातर महिलाओं में पाया गया है कि जब उनको कोई समस्या होगी तब भी पूछने पर अपने पार्टनर को वो यही कहती हैं कि वो बिलकुल ठीक हैं, कुछ नहीं हुआ। लेकिन पति का ध्यान हटने पर प्रतिक्रिया देती हैं।
महिलाओं में ये देखा गया है कि कोई भी काम करते वक़्त वो पति की मदद चाहती तो हैं, लेकिन कहती नहीं। उनको लगता है कि काम देख कर पति को ख़ुद समझ जाना चाहिएकि वो उनका हाथ बटाएं।
शोध से पता चलता है कि कई बार पत्नियां अपने पार्टनर को अंधेरे में रखकर किसी दूसरे से नज़दीकियां बढ़ाने लगती हैं। पति के पूछने पर भी वो कभी इस बात की भनक भी नहीं लगने देती।
अक्सर देखने को मिलता है कि पत्नियां अपने पति से ये पूछती हैं कि वो आज कैसी लग रही हैं? सच-सच बताएं, लेकिन वो हमेशा अपनी तारीफ़ ही सुनना चाहती हैं। कोई भी महिला अपनी बुराई सुनना नहीं चाहती।