वॉशिंगटन। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर एक अदालत ने 20 लाख डॉलर का जुर्माना लगाया है। डोनाल्ड ट्रंप ने टैक्स से छूट वाले अपने चैरिटी फाउंडेशन के फंड का पैसा साल 2016 संसदीय चुनाव प्रचार में खर्च किया था। इसके साथ ही उस राशि का इस्तेमाल अपनी पेंटिंग्स खरीदने और बिजनेस के उधार चुकाने के लिए किया था। फाउंडेशन के वकील ने पहले कहा था कि राष्ट्रपति ट्रंप पर यह मुकदमा राजनीति से प्रेरित है। हालांकि, इस मामले की सुनवाई के दौरान डोनाल्ड ट्रंप ने आरोप स्वीकार कर लिया था।

न्यूयॉर्क अटॉर्नी जनरल की ओर से पिछले साल दायर किए गए मामले में स्टेट जज सैलिएन स्कारपुला ने 20 लाख डॉलर का जुर्माना भरने का फैसला सुनाया। ट्रंप ने एक कोर्ट फाइलिंग में स्वीकार किया था कि चैरिटी का कैसे नियमन होना चाहिए, इसके बुनियादी नियमों का पालन करने में वह असफल हुए हैं।

बताते चलें कि जून 2018 में अटॉर्नी जनरल लैटिटिया जेम्स ने ट्रंप फाउंडेशन पर आरोप लगाया था कि इसकी धनराशि का इस्तेमाल डोनाल्ड ट्रंप ने साल 2016 के राष्ट्रपति चुनाव में निजी, व्यापारिक और राजनैतिक हितों में किया था। अटॉर्नी जनरल जेम्स की ओर से दायर इस मुकदमे में राष्ट्रपति ट्रंप पर 28 लाख डॉलर जुर्माना लगाने की मांग की गई थी।

सुनवाई के दौरान जज ने फैसला सुनाते हुए आदेश दिया कि ट्रंप फाउंडेशन को बंद कर दिया जाए। इसके साथ ही इस फाउंडेशन के फंड में बची हुई करीब 17 लाख डॉलर की राशि को अन्य गैर लाभकारी संगठनों में बांट देने का आदेश भी कोर्ट ने दिया था। कोर्ट के सैटलमेंट के तहत ट्रंप इस बात पर सहमत हो गए थे।

Posted By: Shashank Shekhar Bajpai