पाकिस्तान इलेक्ट्रॉनिक मीडिया रेगुलेटरी अथॉरिटी (पीईएमआरए) ने टीवी चैनलों को निर्देश दिया है। कहा है कि वे सीरियल में अभद्रता और अंतरंगता को दिखाना बंद करें। प्राधिकरण ने इसके लिए एक अधिसूचना भी जारी की। जिसमें कहा गया है कि उसे दर्शकों से कई शिकायतें मिली हैं, जो मानते हैं नाटकों में दिखाने वाले सीन पाकिस्तानी समाज की सच्ची तस्वीर का प्रतिनिधित्व नहीं करती हैं। पीईएमआरए की रिपोर्ट के अनुसार गले लगना, दुलार करने, संबंध, अश्लील, बोल्ड ड्रेसिंग, बेड सीन और विवाहित जोड़ों के सीन को पाकिस्तानी समाज की इस्लामी शिक्षा और संस्कृति की अवहेलना करके ग्लैमराइज किया जा रहा है। प्राधिकरण ने कहा कि उसने चैनलों को ऐसे दृश्यों समीक्षा करने के लिए बार-बार निर्देश दिए थे।

रीमा ओमर (कानूनी सलाहकार, दक्षिण एशिया, अंतर्राष्ट्रीय न्याय आयोग) ने कहा कि पीईएमआर को आखिरकार कुछ सही मिला। विवाहित जोड़ों के बीच प्यार पाकिस्तानी समाज का सच्चा चित्रण नहीं है। इसे ग्लैमराइज नहीं किया जाना चाहिए। हमारी संस्कृति कंट्रोल, दुर्व्यवहार और हिंसा है। जिसकी हमें रक्षा करनी चाहिए।

Posted By: Navodit Saktawat