सियोल। चीन के बाहर अगर कोई देश कोरोना वायरस का सबसे बड़ा शिकार बन रहा है, तो वह दक्षिण कोरिया है। सोमवार को कोरोनोवायरस के 161 नए मामलों की रिपोर्ट की गई, जिसमें देशभर में कोरोनावायरस के कुल मामलों की संख्या 763 हो गई और यह चीन के बाहर दुनिया का सबसे बड़ा देश बन गया है, जहां कोरोना वायरस के मरीजों की संख्या सबसे ज्यादा है। देश में कोरोनोवायरस मामलों की संख्या में तेजी से वृद्धि देखी जा रही है। एक सप्ताह से भी कम समय में 700 से अधिक मामलों सामने आए हैं।

दक्षिणी शहर एक धार्मिक संप्रदाय से संक्रमण का एक समूह उभरा है। कोरिया के सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन ने एक बयान में कहा कि देश के ज्यादातर मामले दक्षिणी शहर डेगू के शिनचोनजी चर्च से जुड़े हैं, जिनमें सोमवार की पुष्टि के 129 मामले भी शामिल हैं। दो और लोगों की मौत के बाद मृतकों की संख्या बढ़कर सात हो गई है। दोनों चेयोंगडो के एक अस्पताल में भर्ती थे।

दक्षिण कोरियाई राष्ट्रपति मून जे-इन ने वायरस के प्रकोप के लिए सरकार की प्रतिक्रिया को मजबूत करने के लिए रविवार को देश के वायरस अलर्ट को उच्चतम "लाल" स्तर तक बढ़ा दिया। सरकार ने स्कूल-कॉलेजों की छुट्टियों को एक सप्ताह के लिए बढ़ा दिया है और चीन से आने वाले लोगों को दो सप्ताह तक सख्त निगरानी में रखने के नियम को लागू करने की योजना बनाई है।

इस प्रकोप की वजह से दक्षिण कोरिया के तकनीकी दिग्गज सैमसंग इलेक्ट्रॉनिक्स का एक कर्मचारी सप्ताहांत में संक्रमित हो गया था। यह जानकारी सामने आने के बाद कंपनी को सियोल के दक्षिण-पूर्व में 200 किलोमीटर (125 मील) दूर गुमी में अपने काम-काज को स्थगित करने के लिए मजबूर होना पड़ा है। गुमी संयंत्र घरेलू बाजार के लिए उत्पादों का निर्माण करता है, जिसमें सैमसंग के नवीनतम गैलेक्सी एस-20 और लक्जरी गैलेक्सी जेड फ्लिप फोन के मॉडल शामिल हैं।

Posted By: Shashank Shekhar Bajpai