World Cancer Day दुनियाभर में 4 फरवरी को मनाया जाता है। दरअसल, यह बीमारी दुनियाभर में तेजी से फैल रही है और मौत के सबसे बड़े कारणों में से एक है। हालांकि, अच्छी बात यह है कि कैंसर का आज इलाज आसानी से होने लगा है। मगर, अभी भी कई मामलों में जब कैंसर होने का पता चलता है, तब तक काफी देर हो चुकी होती है और इलाज कराने का भी कोई फायदा नहीं मिलता है। हालांकि, अगर थोड़ी सी सावधानी बरती जाए, तो कैंसर के लक्षणों को समय रहते पहचान सकते हैं और इस बीमारी का इलाज करा सकते हैं।

रात में पसीना निकला -

यदि गर्मी नहीं होने पर भी और सामान्य मौसम होने पर भी रात में सोते वक्त पसीना अधिक निकलता है, तो आपको सतर्क हो जाने की जरूरत है। यदि यह स्थिति कई हफ्तों से बनी हुई है और पसीना निकलना बंद नहीं हो रहा है, तो डॉक्टर से संपर्क जरूर करें।

वजन कम होना, खांसी आना -

अगर बिना किसी वजह और आपके कोशिश किए बिना ही वजन तेजी से कम हो रहा है, भूख लगने में कमी हो रही है, तो यह कैंसर का प्राथमिक लक्षण हो सकता है। अगर, लगातार काफी दिनों से खांसी आ रही है, तो यह लंग कैंसर का शुरुआती लक्षण हो सकता है। अगर खांसी के साथ खून भी आए, तो डॉक्टर से तुरंत संपर्क करना चाहिए। गले में तकलीफ होने पर, खाना निगलने में परेशानी होने पर डॉक्टर से संपर्क करें।

पेट की समस्‍या -

अगर आंतों में लगातार समस्‍या बनी रहती है, तो यह कोलेन या कोलोरेक्‍टल कैंसर का शुरुआती लक्षण हो सकता है। डायरिया और अपच की समस्‍या इस लक्षण को दर्शाती हैं। इसकी वजह से पेट में गैस और पेट में दर्द की समस्‍या भी हो सकती है।

खून बहना -

अगर मल-मूत्र करने के दौरान खून निकलता है, तो आपको सावधान रहने की जरूरत है। कोलेन कैंसर, प्रोस्टेट कैंसर अथवा डिम्बग्रंथि कैंसर होने की स्थिति में खून निकलता है और मल-मूत्र त्यागने परेशानी होती है। इसके साथ ही महिलाओं में अगर मासिक चक्र के बाद भी रक्त स्राव नहीं रुकता है, तो महिलाओं को ध्यान देने की जरूरत है।

बदन दर्द होना या कमजोरी लगना -

अगर शरीर में हमेशा दर्द बना रहता है, लगातार पीठ में दर्द होता रहता है, तो यह कोलोरेक्‍टल या प्रोस्‍टेट कैंसर का कारण हो सकता है। इसके अलावा कमर के आस-पास की मांसपेशियों में भी दर्द होता है। बिना ज्यादा मेहनत किए ही अगर जरूरत से ज्यादा थकान लगती है, तो यह भी कैंसर का शुरुआती लक्षण हो सकता है।

Posted By: Shashank Shekhar Bajpai