
Prithvi-II Launch: ओडिशा के तट पर चांदीपुर के एकीकृत परीक्षण रेंज से पृथ्वी-II मिसाइल का सफल परीक्षण किया गया। रक्षा मंत्रालय ने इसकी जानकारी देते हुए बताया कि टैक्टिकल बैलिस्टिक मिसाइल ने उच्च सटीकता के अपने निशाने पर प्रहार किया। आपको बता दें कि पृथ्वी-II मिसाइल, भारत के परमाणुरोधी क्षमता का एक अभिन्न हिस्सा है। इसकी मारक क्षमता लगभग 350 किलोमीटर है। इसके प्रशिक्षण लॉन्च में मिसाइल ने सभी परिचालन और तकनीकी मापदंडों को सफलतापूर्वक हासिल किया।
भारत के रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (DRDO) द्वारा स्वदेश में विकसित पृथ्वी-II, एक कम दूरी की, सतह से सतह पर मार करने वाली बैलिस्टिक मिसाइल है। इसकी मारक क्षमता लगभग 350 किलोमीटर है। यह भारत की पृथ्वी मिसाइल श्रृंखला का हिस्सा है, जिसमें पृथ्वी-I, पृथ्वी-II, पृथ्वी-III और धनुष शामिल हैं। ये पूर्णतः स्वदेश में विकसित मिसाइल है और 500 किलोग्राम तक का पेलोड ले जाने में सक्षम है। पिछले साल जून में इस शॉर्ट-रेंज बैलिस्टिक मिसाइल पृथ्वी-II का परीक्षण ओडिशा के चांदीपुर से किया गया था। उसके बाद से इसे सेना के उपयोग में लाने के लायक बनाने के लिए तमाम परीक्षण किये जा रहे हैं। अब तक के परीक्षणों में ये मिसाइल बहुत उच्च स्तर की सटीकता के साथ लक्ष्य को भेदने में सक्षम रही है।