
नईदुनिया प्रतिनिधि, अंबिकापुर। प्रथम अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश ममता पटेल की अदालत ने हत्या और साक्ष्य छिपाने के आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। आरोपी ने हत्या के बाद मृतक के शव के गले व पैर के पास पत्थर बांध कर शव को कुएं में फेंक दिया था।
अतिरिक्त लोक अभियोजक विवेक सिंह ने बताया कि घटना अंबिकापुर के गांधीनगर थाना क्षेत्र के ग्राम चिखलाडीह नर्मदापारा की है। यहां के रहने वाले आरोपी संजीव दास उर्फ संचु पनिका के घर कोई गंभीर घटना होने की जानकारी बीते सात जून 2023 को गांधीनगर पुलिस को मिली थी।
गांधीनगर पुलिस की टीम आरोपी के घर पहुंची, तो फर्श और दीवार पर कई स्थानों पर खून के छींटे नजर आए। घर की मिट्टी से लिपाई भी कर दी गई थी। पुलिस का संदेह गहरा गया था। पुलिस ने आसपास रहने वाले लोगों से पूछताछ की, तो पता चला कि संजीव दास ने घटना से तीन दिन पहले चार जून की रात खेत की ओर कई बार आना-जाना किया था।
पुलिस ने आरोपी संजीव दास के विरुद्ध हत्या तथा साक्ष्य छिपाने की धाराओं के तहत अपराध पंजीकृत किया था। न्यायालय में चालान प्रस्तुत होने के बाद प्रथम अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश ममता पटेल की अदालत में प्रकरण की सुनवाई हुई। सारे तथ्यों की जांच और पर्याप्त साक्ष्यों के आधार पर आरोपी संजीव दास को हत्या और साक्ष्य छिपाने की धाराओं का दोषी पाया गया। हत्या के आरोप में उसे आजीवन कारावास तथा साक्ष्य छिपाने के आरोप पर पांच वर्ष कारावास की सजा सुनाई गई। आरोपी को अर्थदंड भी दिया गया है। सभी सजाएं साथ-साथ चलेंगी।