10 साल की सजा सुनकर हंस पड़ा दोहरे हत्याकांड का दोषी, कोर्ट से बाहर आकर बोला- स्माइली वाला दिखाइएगा
सूरजपुर के चर्चित मां-बेटी दोहरे हत्याकांड के मुख्य आरोपी व जिला बदर अपराधी कुलदीप साहू को फास्ट ट्रैक कोर्ट ने पुलिसकर्मियों पर कार चढ़ाकर जान से मार...और पढ़ें
Publish Date: Tue, 29 Sep 2026 10:29:03 PM (IST)Updated Date: Tue, 29 Sep 2026 10:29:03 PM (IST)
दोहरे हत्याकांड का दोषी हंसते हुए कोर्ट से निकला, बोला- स्माइली वाला दिखाइएगाHighLights
- पुलिसकर्मियों को कुचलने के प्रयास में कुलदीप साहू को 10 वर्ष सजा।
- मां-बेटी दोहरे हत्याकांड में कुलदीप समेत 4 आरोपी दोषी करार।
- सजा के बाद मीडिया के सामने हंसा आरोपी, कहा- स्माइली फोटो दिखाना।
नईदुनिया न्यूज, सूरजपुर : न चेहरे पर अपराध का बोध, न कोई शिकन, मां-बेटी की नृशंस हत्या के दोषी कुलदीप साहू को जब फास्ट ट्रैक कोर्ट ने पुलिसकर्मियों को कार से कुचल कर हत्या के प्रयास में 10 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई, तो कोर्ट से बाहर निकलते ही वह हंस पड़ा।
भीड़, पुलिसकर्मियों और कैमरों के सामने उसने हंसते हुए पोज दिया और कहा - स्माइली वाला दिखाइएगा। उसका इशारा मीडिया और वीडियो बना रहे लोगों की ओर था। मुख्य आरोपित कुलदीप साहू का वीडियो इंटरनेट मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है।सोमवार को फैसले के दिन कोर्ट परिसर में भीड़ जुटी थी। भारी सुरक्षा के बीच कुलदीप को अंबिकापुर केंद्रीय जेल से सूरजपुर न्यायालय ले जाया गया था।
जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट आनंद प्रकाश वारियाल ने दोहरे हत्याकांड में दो आरोपितों सूरज साहू और निलकेश्वर साहू को दोषमुक्त कर दिया, जबकि आदतन अपराधी कुलदीप साहू समेत चार आरोपितों रिंकू उर्फ फूल सिंह, चंद्रकांत चौधरी और आर्यन विश्वकर्मा पर हत्या का आरोप सिद्ध माना है। इनकी सजा पर निर्णय आठ अक्टूबर को सुनाया जाएगा।
यह था घटनाक्रम और सुनाई गई सजा
13 अक्टूबर 2024 की रात सूरजपुर थाने में पदस्थ प्रधान आरक्षक तालिब शेख की पत्नी और नाबालिग बेटी की किराए के मकान में चाकू से गोदकर निर्मम हत्या कर दी गई थी। शवों को पीढ़ा गांव के पास फेंक दिया गया था। उसी रात पुराना बस स्टैंड चौपाटी में आरक्षक घनश्याम सोनवानी पर खौलता तेल उड़ेल कर हमला किया था,फिर प्रधान आरक्षक तालिब शेख सहित पुलिसकर्मियों पर कार चढ़ाने की कोशिश थी।
इस प्रकरण में कुलदीप साहू को 10 वर्ष सश्रम कारावास की सजा सुनाई गई है जबकि रिंकू, चंद्रकांत, आर्यन, अशोक साहू और राजू साहू को दोषमुक्त कर दिया गया है। भागते समय बिश्रामपुर के तत्कालीन टीआइ अलरिक लकड़ा पर लटोरी में फायरिंग के आरोप भी लगे थे। इसमें कुलदीप साहू और सूरज साहू को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त किया गया है।
दोहरे हत्याकांड के पहले ही दो दर्जन से अधिक अपराधों में शामिल
प्रधान आरक्षक तालिब शेख की पत्नी व बेटी की हत्या से पहले ही दो दर्जन से अधिक केस पंजीकृत है। यह गुंडा बदमाशों की सूची में शामिल था।घटना के बाद सूरजपुर सड़कों पर उतर आया था। लोगों ने कठोरतम सजा की मांग की थी। प्रशासन ने कुलदीप के अवैध निर्माण को ध्वस्त कर दिया था। घटना के बाद फरार कुलदीप को बलरामपुर पुलिस ने पकड़ा था। घटना की गंभीरता पर तत्कालीन कलेक्टर और एसपी हटाए गए थे। कुलदीप से संपर्क रखने पर आरक्षक प्रदीप साहू को बर्खास्त कर दिया गया था। राज्य शासन की अनुमति से सहायक संचालक अभियोजन सुरेश शर्मा को विशेष लोक अभियोजक नियुक्त किया गया था।फास्ट ट्रैक कोर्ट में अप्रैल 2026 से गवाही शुरू हुई थी।
इन पर दोषसिद्ध, आठ अक्टूबर को न्यायालय सुनाएगा निर्णय
- कुलदीप साहू - दोहरे हत्याकांड का मास्टरमाइंड। जिला बदर अपराधी। बड़े भाई की पिटाई का बदला लेना चाह रहा था। पुलिसकर्मी पर सरेराह होटल का गर्म तेल उड़ेला।पुलिसकर्मियों को कुचलने का प्रयास। मां-बेटी की नृशंस हत्या की।
- चंद्रकांत चौधरी उर्फ सीके चौधरी- मास्टरमाइंड कुलदीप का साथी।मां-बेटी की हत्या के बाद शवों को घर से दूर ले जाकर फेंका। वारदात के बाद कार से भाग निकला।
- फूल सिंह उर्फ रिंकू सिंह- कुलदीप साहू का अंतरंग साथी। दोहरे हत्याकांड की साजिश और हत्या में शामिल। हत्या के बाद झारखंड भाग निकला। पुलिस के डर से आत्मसमर्पण करने वापस लौटा लेकिन हुई गिरफ्तारी।
- आर्यन विश्वकर्मा उर्फ गोल्डी : अपराधी कुलदीप साहू का दोस्त। उसी के साथ मिलकर पुलिसकर्मी पर खौलता तेल फेंका। खौलता तेल डालकर भागा। फिर पुलिसकर्मियों को कुचलने की कोशिश। रात में मां- बेटी की हत्या की साजिश का राजदार। घटना के बाद भागा जिसे पुलिस ने गिरफ्तार किया था।
सूरजपुर दोहरा हत्याकांड,एक नजर में
- 13 अक्टूबर 2024 की रात पुलिसकर्मी की पत्नी और बेटी की किराए के घर में घुसकर जघन्य हत्या।
- 14 अक्टूबर 2024 की भोर में घटनस्थल से दूर मां-बेटी की रक्तरंजित लाश मिली।
- 14 अक्टूबर 2024 सूरजपुर में उपजा आक्रोश,उग्र भीड़ ने कुलदीप साहू की गाड़ियों में आग लगाई। सड़क पर उतरे लोग।
- जिला बदर अपराधी कुलदीप साहू का दोस्त चंद्रकांत की सबसे पहले गिरफ्तारी।
- घटना के बाद भागने की फिराक में बस से जा रहे कुलदीप साहू को पुलिस ने किया गिरफ्तार।
- घटना की कड़ियां जोड़कर कुल छह आरोपितों पर दर्ज हुआ था गंभीर धाराओं में केस।
- सूरजपुर में आक्रोश को देखते हुए विशेष लोक अभियोजक की हुई नियुक्ति।
- तत्कालीन कलेक्टर व पुलिस अधीक्षक का घटना के कुछ दिनों बाद तबादला।
- मास्टरमाइंड कुलदीप साहू के अवैध निर्माण ढहाए गए थे।
- सूरजपुर जेल के बजाय उसे अंबिकापुर केंद्रीय जेल में किया गया था शिफ्ट।
- लगातार आपराधिक घटनाओं में संलिप्तता और प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से बढ़ा था मनोबल।
- सुनवाई के बाद कुलदीप को एक प्रकरण में 10 वर्ष कारावास। दोहरे हत्याकांड में कुलदीप सहित चार पर दोष सिद्धि। आठ अक्टूबर को आएगा निर्णय।