
अंबिकापुर । नईदुनिया प्रतिनिधि। National Bravery Award छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के लिए यह अच्छी खबर है। लगभग डेढ़ वर्ष पूर्व तीन साल की मासूम बहन को हाथियों से बचा अदम्य साहस का परिचय देने वाली सात वर्षीय कांति का चयन राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार National Bravery Award के लिए किया गया है।
कांति को राज्य वीरता पुरस्कार भी मिल चुका है
वह ग्राम मोहनपुर निवासी विनोद सिंह की पुत्री है। वर्तमान वह ग्राम पंचायत कुसू के प्राथमिक पाठशाला में कक्षा पांचवीं में पढ़ रही है। वीरता पुरस्कार उसे 26 जनवरी 2020 को नई दिल्ली में राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद प्रदान करेंगे। कांति को पहले ही राज्य वीरता पुरस्कार मिल चुका है।
उदयपुर विकासखंड के हाथी प्रभावित मोहनपुर गांव में हुई थी घटना
घटना 17 जुलाई 2018 की उदयपुर विकासखंड के हाथी प्रभावित मोहनपुर गांव की है। हाथी घर के पास थे। परिवार के सदस्य दहशत में घर छोड़कर सुरक्षित स्थान की ओर चले गए थे। किसी को ध्यान ही नहीं रहा कि तीन वर्षीय सोनिया घर के अंदर ही रह गई है।
कांति ने साहस का परिचय देते हुए बहन की जान बचाई थी
ऐसे में कांति ने साहस का परिचय देते हुए उसे सुरक्षित बाहर निकाल लिया। अगले दिन ही तत्कालीन लखनपुर थाना प्रभारी एसके केरकेट्टा गांव में पहुंचे थे और उन्होंने वीरता पुरस्कार के लिए कांति सिंह का नाम अनुशंसित करने की घोषणा की थी। छत्तीसगढ़ राज्य बाल कल्याण परिषद द्वारा कांति सिंह का चयन राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार के लिए किए जाने की सूचना मिलते ही लखनपुर विकासखंड में उत्साह का माहौल है।