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नईदुनिया प्रतिनिधि, बिलासपुर: उसलापुर रेलवे स्टेशन पर मंगलवार सुबह रेलवे कंट्रोलर लापरवाही के कारण यात्रियों और उनके स्वजन को परेशानियों का सामना करना पड़ा। 12535 लखनऊ- रायपुर गरीब रथ एक्सप्रेस को प्लेटफार्म से कुछ दूरी पहले आउटर पर करीब दो घंटे तक रोक दिया गया और समय से पहले चले रही अंबिकापुर-दुर्ग एक्सप्रेस को पहले स्टेशन के प्लेटफार्म एक पर लिया गया। इस अव्यवस्था से यात्री बेहद नाराज हुए।
ट्रेन की कोच जी 12 व 25 में सफर कर रहे यात्री एवं आल इंडिया पीएनबी पेंशनर्स एसोसिएशन के चेयरमैन ललित अग्रवाल ने यह आरोप लगाया है। उनका कहना है कि गरीब रथ का उसलापुर पहुंचने का निर्धारित समय सुबह 5:15 बजे था। रेलवे के अधिकृत रेलवन एप में ट्रेन का आगमन समय सुबह 5:26 बजे तथा प्लेटफार्म नंबर-1 दर्शाया जा रहा था। अन्य एप में प्लेटफार्म एक पर दो ट्रेनों की खड़ी रहने की जानकारी दिखाई जा रही थी।
इसी जानकारी के आधार पर यात्रियों को लेने के लिए बड़ी संख्या में उनके स्वजन हड़बड़ा कर स्टेशन पहुंच गए थे। लेकिन ट्रेन प्लेटफार्म तक पहुंचने से पहले ही आउटर पर रोक दी गई। आरोप है कि रेलवे कंट्रोलर ने ट्रेन नंबर 18242 अंबिकापुर-दुर्ग एक्सप्रेस, जिसका निर्धारित समय सुबह 6:35 बजे था, उसे पहले प्लेटफार्म नंबर-1 पर प्रवेश दे दिया। इस निर्णय से गरीब रथ के यात्रियों को अनावश्यक रूप से लंबे समय तक इंतजार करना पड़ा।
इस वजह से सुबह के समय बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को सबसे ज्यादा परेशानी झेलनी पड़ी। कई लोग प्राकृतिक दैनिक क्रियाओं तक को रोकने को मजबूर हुए। स्टेशन परिसर में अव्यवस्था और सूचना तंत्र की कमी के कारण यात्रियों और उनके परिजनों में भ्रम की स्थिति बनी रही। रेलवे के विभिन्न एप और डिस्प्ले बोर्ड पर अलग-अलग जानकारी दिखाई देने से लोग और अधिक परेशान हुए।
जीएम से कंट्रोलर पर कार्रवाई की मांग
ललित अग्रवाल ने कहा कि भारतीय रेल लगातार डिजिटल इंडिया और समयपालन का दावा करती है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों की लापरवाही से रेलवे की छवि खराब हो रही है। उन्होंने दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के महाप्रबंधक से मामले की जांच कर दोषी कंट्रोलर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
ट्रेन से उतरते कंट्रोलर को घेरा
ट्रेन से उतरने के बाद ललित अग्रवाल व कुछ अन्य यात्री सीधे कंट्रोलर के पास पहुंचे। यात्रियों को कार्यालय में देखकर कंट्रोलर बेहद नाराज हुए और यात्रियों पर भड़क गए। जबकि वह सामान्य ढंग से अपनी बात रखने और ट्रेन को बेवजह रोकने की वजह जानने पहुंचे थे। यात्रियों ने इस मामले की लिखित शिकायत जीएम व डीआरएम से करने की बात कही है।
तय समय पर ट्रेनों का परिचालन हमारी प्राथमिकता है। इस मामले की जांच कराई जाएगी और लापरवाही मिलने पर विधिवत कार्रवाई की जाएगी। अनुराग कुमार सिंह सीनियर डीसीएम, बिलासपुर रेल मंडल