
नईदुनिया न्यूज, तुमान: कोरबा जिला में विकास की तस्वीर उस समय बेबस नजर आई, जब बीमार ग्राम पंचायत तुमान के पूर्व सरपंच सनीच राम मिंज को इलाज के लिए ग्रामीणों ने अपने कंधों पर उठाकर उफनती अहिरन नदी पार कराई। घटना 26 सितंबर की है। मैंनगढ़ी पारा में उनकी तबीयत बिगड़ने पर उन्हें तुमान प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र या कटघोरा ले जाना था, लेकिन नदी में बाढ़ के कारण रास्ता बंद था। ऐसे में ग्रामीणों ने जोखिम उठाकर उन्हें कंधे पर नदी पार कराया। कटघोरा के गोपाल अस्पताल की एंबुलेंस लेने पहुंची, जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया।
दरअसल, जनपद पंचायत पोड़ी उपरोड़ा के ग्राम पंचायत तुमान का आश्रित ग्राम मैंनगढ़ी पारा अहिरन नदी के कारण वर्षा में मुख्य गांव और आसपास के इलाकों से कट जाता है। यहां नदी पर पुल नहीं होने से ग्रामीणों को आवागमन में परेशानी होती है। ग्रामीणों का कहना है कि बरसात में स्थिति और गंभीर हो जाती है।
आपात स्थिति में मरीजों को अस्पताल पहुंचाना भी चुनौती बन जाता है। पूर्व सरपंच सनीच राम मिंज को बुखार और चक्कर आने की शिकायत थी। तबीयत बिगड़ने पर उन्हें बेहतर उपचार के लिए अस्पताल ले जाना जरूरी था। नदी में पानी अधिक होने के कारण वाहन मैंनगढ़ी तक नहीं पहुंच पा रहा था। इसके बाद ग्रामीणों ने उन्हें कंधे पर उठाया और नदी पार कराई। नदी पार करने के बाद अस्पताल की गाड़ी से उन्हें कटघोरा ले जाया गया।
मैंनगढ़ी के ग्रामीणों का कहना है कि पुल निर्माण की मांग वे ग्राम सुराज अभियान समेत विभिन्न शिविरों और प्रशासन के समक्ष कई बार उठा चुके हैं, लेकिन अब तक इस दिशा में काम नहीं हुआ। ग्रामीणों के मुताबिक गांव में बिजली की सुविधा भी अब तक नहीं पहुंची है। उनका कहना है कि सड़क और पुल के अभाव में बरसात के दिनों में गांव के लोगों की परेशानी बढ़ जाती है।
अस्पताल में भर्ती सनीच राम मिंज ने कहा कि यदि मैंनगढ़ी की समस्या का समाधान नहीं हुआ तो ग्रामीण अनशन या हड़ताल करने के लिए मजबूर होंगे। ग्रामीणों ने बिजली, सड़क और पुल निर्माण की मांग दोहराते हुए प्रशासन से समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की है।