आधारशिला विद्या मंदिर और अटल बिहारी बाजपेयी विश्वविद्यालय में कथक नृत्य प्रशिक्षण तीन सितंबर को
युवा कलाकारों को प्रशिक्षण लेने का मिल रहा सुनहरा अवसर ...और पढ़ें
By Yogeshwar SharmaEdited By: Yogeshwar Sharma
Publish Date: Fri, 02 Sep 2022 04:24:25 PM (IST)Updated Date: Fri, 02 Sep 2022 04:24:25 PM (IST)

बिलासपुर। आधारशिला विद्या मंदिर तथा अटल बिहारी वाजपेयी, विश्वविदयालय में कथक प्रशिक्षण तीन सितंबर को आयोजन किया जा रहा है। स्पिक मैके की कोर्डिनेटर श्रुति प्रभला ने बताया कि विगत वर्षों में विभिन्न शिक्षण संस्थाओं में विद्यार्थियों को देश के मूर्धन्य कलाकारों द्वारा प्रस्तुति एवं प्रशिक्षण दिया जा चुका है। कोरोना काल के दौरान इसमें विराम लग गया। अब नई ऊर्जा और उमंग के साथ इस अभियान को फिर से प्रारम्भ किया गया है ।
स्पिक मैके लेक्चर डेमोस्ट्रेशन सीरीज के अंतर्गत छत्तीसगढ़ राज्य में अनेकों कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। बिलासपुर में 29 अगस्त से तीन सितंबर तक भारतीय कथक नृत्यांगना देवाश्री भट्टाचार्य और उनकी शिष्या रीमा भंडारी द्वारा स्पीक मैके के तत्वावधान में प्रशिक्षण व प्रदर्शन कार्यक्रम किया जा रहा है।
इस कार्यक्रम के तहत 29 अगस्त को स्वामी आत्मानंद स्कूल, मंगला तथा स्वामी आत्मानंद स्कूल, लाला लाजपत राय नगर में तथा 30 अगस्त को प्रयास रेसिडेंशियल स्कूल में एक सितंबर को होली हार्ट स्कूल तथा द ग्रेट इंडिया स्कूल रायपुर में दो सितंबर को गवर्नमेंट हायर सेकंडरी स्कूल, लिमतरी एवं सेंट जेवियर्स स्कूल, भरनी, बिलासपुर में आयोजन किया गया। शनिवार तीन सितंबर को बिलासपुर के आधारशिला विद्या मंदिर तथा अटल बिहारीवाजपेयी, विश्वविदयालय में कथक प्रशिक्षण व प्रदर्शन कार्यक्रम होगा। श्रुति ने बताया कि कार्यक्रम को सफल बनाने डा. अजय श्रीवास्तव, कन्वीनर, स्पिक मैके, रिम्पी निर्नजक तथा वालेंटियर सारिश सिंह, कोर्डिनेटर, स्पिक मैके छत्तीसगढ़ राज्य चेप्टर श्रुति प्रभला,द्वारा सतत प्रयास किया जा रहा है।
आईआईटी दिल्ली के प्रोफेसर ने कथक नृत्य परम्भ किया
स्पिक मैके युवाओं में देश की पारम्परिक और शास्त्रीय कला एवं संस्कृति के प्रसार के लिए एक अभियान है। आईआईटी दिल्ली के प्रोफेसर किरण सेठ द्वारा वर्ष 1977 में इसे प्रारम्भ किया था। कला के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए किरण सेठ को 2009 में पद्मश्री से नवाजा गया। 2011 में युवा विकास में योगदान के लिए स्पिक मैके को राजीव गांधी सद्भावना पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
स्पिक मैके को राष्ट्रीय स्तर पर संस्कृति मंत्रालय, युवा मामले एवं खेल मंत्रालय तथा मानव संसाधन विकास मंत्रालय द्वारा समर्थन प्राप्त है ।