
दंतेवाड़ा। नक्सलियों से लड़ने वाले जवान इन दिनों मच्छरों से पस्त हो रहे हैं। जंगल और पहाड़ में गश्त के दौरान मच्छरों के दंश के शिकार हो रहे हैं। अब पुलिस लाइन में तैनात दो जवानों की दिनों मेकॉज और रायपुर में हो गई। वहीं कोंडासावली कैंप में तैनात दो दर्जन से अधिक जवान बीमार हैं। जिन्हें मलेरिया पॉजीटिव बताया गया है।
अरनपुर-जगरगुंडा मार्ग को बहाल कराने फोर्स नक्सलियों के मांद में कैंप किया है। कोंडासावली कैंप से सड़क की सुरक्षा के साथ आसपास के जंगलों में गश्ती कर रहे हैं। इस दौरान मच्छरों के दंश से लड़ना पड़ रहा है। जानकारी के अनुसार पुलिस लाइन में तैनात जवान सुरेंद्र रावटे और सुनील खाखा ने मेकॉज और रायपुर के हॉस्पिटल में दम तोड़ दिया। जिन्हें मलेरिया पॉजीटिव था।
इसके अलावा दो दर्जन से अधिक जवानों को मलेरिया पॉजीटिव बताया जा रहा है। इनमें से अधिकतर जवानों की तैनाती कोंडासावली कैंप में है। ज्ञात हो कि पिछले दिनों भी मलेरिया से पीड़ित डीआरजी के एक जवान की मौत जिला हॉस्पिटल में हुई थी। वहीं एक दर्जन से अधिक मलेरिया पीड़ितों को हॉस्पिटलाइज कराया गया था। इसके एक पखवाड़े के बाद दो मौतों की खबर से पुलिस महकमा चिंतित है।
ज्ञात हो कि दंतेवाड़ा के जवानों को अधिकतर समय जंगल और पहाड़ों में बिताना पड़ रहा हैं। जहां नक्सलियों के साथ अब मच्छरों से भी बचाव के उपाय करने पड़ते हैं। बताया जा रहा है जवानों को मलेरिया से बचाव के लिए दवाएं और किट आदि दी गई है। साथ ही जंगल पानी साफ करने भी क्लोरिन की टेबलेट दिया गया है। बावजूद मच्छरों के दंश से जवान नहीं बच पा रहे हैं।
इनका कहना है
कुछ जवानों को मलेरिया की शिकायत थी। दो आरक्षक को रायपुर और जगदलपुर रिफर किया गया था, जहां उनकी मौत हुई है।
एम. राजू, रक्षित केंद्र प्रभारी