GPS से काटे जा रहे बिजली बिल बकायादारों के कनेक्शन, टीम घर नहीं पहुंची और कट गई 274 घरों की लाइट
दफ्तर में बैठकर एक क्लिक करते ही बकायादारों के कनेक्शन काटे जा रहे हैं। विभाग की इस त्वरित कार्रवाई का असर यह हुआ कि लाइन कटते ही उपभोक्ताओं में हड़कं ...और पढ़ें
Publish Date: Tue, 06 Jan 2026 08:31:04 PM (IST)Updated Date: Tue, 06 Jan 2026 08:33:47 PM (IST)
नई तकनीक से काट रहे हैं घरों की लाइट।HighLights
- बिना घर पहुंचे ऑनलाइन काटे जा रहे बकायादारों के कनेक्शन
- जीपीएस तकनीक से 274 घरों की बत्ती गुल, बिल नहीं भरा था
- कार्रवाई के चंद घंटों के भीतर जमा हो गए 10.40 लाख रुपये
नईदुनिया प्रतिनिधि, धमतरी। जिले में बिजली बिल की वसूली के लिए विद्युत विभाग ने अब आधुनिक तकनीक का सहारा लेना शुरू कर दिया है। बकायादारों के खिलाफ विभाग अब बेहद सख्त रुख अपना रहा है। स्मार्ट मीटर और आनलाइन जीपीएस सिस्टम के जरिए अब विभाग को लाइन काटने के लिए उपभोक्ता के घर तक जाने की जरूरत नहीं पड़ रही है। दफ्तर में बैठकर एक क्लिक करते ही बकायादारों के कनेक्शन काटे जा रहे हैं। विभाग की इस त्वरित कार्रवाई का असर यह हुआ कि लाइन कटते ही उपभोक्ताओं में हड़कंप मच गया और उन्होंने तत्काल लाखों रुपये का बकाया जमा कर अपनी बिजली बहाल कराई।
स्मार्ट तकनीक से 14.17 लाख के बकाया पर कार्रवाई
धमतरी संभाग में बकाया वसूली अभियान के तहत विद्युत विभाग ने जीपीएस सिस्टम से लाइन विच्छेदन की बड़ी कार्यवाही की है। इस अभियान के दौरान संभाग के कुल 274 ऐसे उपभोक्ताओं के कनेक्शन ऑनलाइन काट दिए गए, जिन पर 14.17 लाख रुपये की राशि बकाया थी। विभाग की इस सख्ती का असर तुरंत देखने को मिला। कनेक्शन कटते ही 178 उपभोक्ताओं ने तत्परता दिखाते हुए कुल 10.40 लाख रुपये की राशि जमा की। जैसे ही राशि जमा हुई, सिस्टम के माध्यम से उनकी बिजली आपूर्ति तत्काल बहाल कर दी गई।
तीन दिन पहले दी जा रही सूचना, अवैध जुड़ाव पर एफआईआर
- कार्यपालन अभियंता अनिल प्रसाद सोनी ने बताया कि उपभोक्ताओं को असुविधा न हो, इसके लिए उनके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर लगातार तीन दिनों तक एसएमएस भेजकर बिल भुगतान की सूचना दी जा रही है। इसके बावजूद भुगतान न करने पर ही ऑनलाइन डिस्कनेक्शन किया जा रहा है।
- उन्होंने चेतावनी दी कि ऑनलाइन कटी हुई लाइन से यदि कोई उपभोक्ता अवैध रूप से छेड़छाड़ या सीधा जुड़ाव करता है, तो इसकी निगरानी भी ऑनलाइन सिस्टम से की जा रही है।
- सी स्थिति में विद्युत अधिनियम की धाराओं के तहत संबंधित व्यक्ति के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। विभाग ने अपील की है कि उपभोक्ता समय पर बिल जमा कर लाइन कटने की असुविधा से बचें।