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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 20, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

महिला गार्ड ने मरीज को लगाया इंजेक्शन, कलेक्टर ने थमाया नोटिस

CG News: छत्तीसगढ़ के गरियाबंद के जिला अस्पताल का चौंकाने वाला मामला आखिरकार प्रशासनिक कार्रवाई तक पहुंच गया है। अस्पताल में महिला गार्ड द्वारा मरीज क...और पढ़ें

By Mohan KumarEdited By: Mohan Kumar
Publish Date: Wed, 20 Aug 2025 10:15:30 PM (IST)Updated Date: Wed, 20 Aug 2025 10:15:30 PM (IST)
महिला गार्ड ने मरीज को लगाया इंजेक्शन, कलेक्टर ने थमाया नोटिस
महिला गार्ड ने मरीज को लगाया इंजेक्शन

नईदुनिया न्यूज, गरियाबंद। जिला अस्पताल का चौंकाने वाला मामला आखिरकार प्रशासनिक कार्रवाई तक पहुंच गया है। अस्पताल में महिला गार्ड द्वारा मरीज को इंजेक्शन लगाए जाने की घटना पर अब कलेक्टर ने सख्ती दिखाई है। इस मामले में सीएमएचओ और सिविल सर्जन को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। गौरतलब है कि नई दुनिया ने इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया था।

रिपोर्ट प्रकाशित होने के बाद प्रशासन हरकत में आया और पूरे मामले की गंभीरता को देखते हुए अफसरों से जवाब मांगा गया है। कलेक्टर ने अधिकारियों से स्पष्ट करने को कहा है कि अस्पताल में गार्ड इंजेक्शन लगाने की स्थिति में कैसे पहुंची और आखिर इस लापरवाही की जिम्मेदारी किसकी है।


दोनों पर हो सकती है कार्रवाई

सूत्रों के अनुसार, नोटिस का जवाब संतोषजनक न होने पर दोनों अधिकारियों पर कार्रवाई की जा सकती है। जिला प्रशासन ने इस मामले की जांच के भी निर्देश दे दिए हैं। इस घटना के जिला अस्पताल की स्वास्थ्य व्यवस्था और प्रबंधन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

जहां एक ओर अस्पताल में डॉक्टरों और नर्सों की तैनाती होनी चाहिए, वहीं मरीजों का इलाज सुरक्षा गार्डों के भरोसे होना जिला वासियों के स्वास्थ्य से भारी खिलवाड़ कर रहा है । फिलहाल पूरा मामला चर्चा का विषय बना हुआ है कि जब अस्पताल में इलाज का जिम्मा डॉक्टरों का है, तो मरीजों के जीवन से खिलवाड़ की यह नौबत आखिर आई कैसे।