
नईदुनिया न्यूज किरंदुल। विश्वकर्मा पूजा के अवसर पर बैलाडीला की खूबसूरत पहाड़ियों और लौह अयस्क खनन क्षेत्र का दीदार करने वाले सैलानियों के लिए अच्छी खबर है। एनएमडीसी किरंदुल प्रबंधन ने 17 सितंबर को विश्वकर्मा पूजा पर पर्यटकों के आवागमन की अनुमति देने का निर्णय लिया है। इससे विश्वकर्मा पूजा पर खदान क्षेत्र के भ्रमण की परंपरा एक बार फिर कायम रहेगी।
इस दौरान सैलानियों को पहाड़ियों के बीच स्थित कैलाश नगर के भव्य भोलेनाथ मंदिर में दर्शन और पूजा-अर्चना का अवसर मिलेगा। सरफिरी घाटी की प्राकृतिक सुंदरता, हरियाली और बादलों से ढकी पहाड़ियां पर्यटकों को आकर्षित करेंगी। वहीं लौह अयस्क खदान क्षेत्र में मौजूद विशालकाय खनन मशीनें भी लोगों के आकर्षण का केंद्र रहेंगी। विश्वकर्मा पूजा के चलते मशीनों और भारी उपकरणों की पूजा-अर्चना भी की जाएगी।
विश्वकर्मा पूजा पर छत्तीसगढ़ के साथ पड़ोसी राज्यों से भी बड़ी संख्या में पर्यटकों के किरंदुल-बैलाडीला पहुंचने की संभावना है। संभावित भीड़ को देखते हुए एनएमडीसी किरंदुल के उप महाप्रबंधक ने किरंदुल एसडीओपी को पत्र लिखकर सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक व्यवस्था करने का अनुरोध किया है। ऐसे में प्रशासन के सामने यातायात, पार्किंग और सुरक्षा व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने की चुनौती रहेगी।