
नईदुनिया प्रतिनिधि, बिश्रामपुर: शिक्षिका रजनी बरेठ और उनके नाबालिग पुत्र सुजल बरेठ की निर्मम हत्या के पांच दिन बाद भी पुलिस के हाथ कोई ठोस सुराग नहीं लग सका है। दोहरे हत्याकांड की गुत्थी सुलझाने पुलिस की विशेष टीम लगातार जांच में जुटी है। स्वयं पुलिस अधीक्षक योगेश पटेल ने बिश्रामपुर थाने में कैंप कर विवेचना की निगरानी कर रहे हैं।
बुधवार को आइजी दीपक झा भी थाने पहुंचे और मामले की विस्तृत जानकारी लेकर जांच की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
इधर, मामले का राजफाश नहीं होने से लोगों में चिंता बढ़ रही है। धोबी समाज, छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन और शहर एवं ब्लॉक कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडलों ने पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष जांच, आरोपितों की शीघ्र गिरफ्तारी और दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की मांग की है।
दोहरे हत्याकांड का पर्दाफाश करने पुलिस ने जांच के कई बिंदुओं पर काम शुरू किया है। घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के साथ आसपास के क्षेत्रों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। संबंधित मोबाइल नंबरों की कॉल डिटेल और अन्य तकनीकी जानकारियों का विश्लेषण किया जा रहा है।
संदेहियों से लगातार पूछताछ के साथ शिक्षिका रजनी बरेठ के परिचितों और उनके संपर्क में रहने वाले लोगों से भी जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस हर संभावित पहलू की पड़ताल कर रही है, लेकिन अब तक ऐसा कोई पुख्ता साक्ष्य सामने नहीं आया है, जिससे हत्याकांड की गुत्थी सुलझ सके। वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में जांच जारी है।
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धोबी समाज ने मांगी उच्चस्तरीय जांच
धोबी समाज सरगुजा संभाग के अध्यक्ष राकेश कुमार रजक के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने एसपी, बिश्रामपुर थाना प्रभारी और जयनगर थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपा। समाज ने मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारी की निगरानी में विशेष टीम गठित करने, विज्ञानी साक्ष्यों के आधार पर जांच करने और वास्तविक दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की। ज्ञापन में पोस्टमार्टम रिपोर्ट, सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल ट्रेसिंग और संभावित साजिश समेत सभी पहलुओं की गहन जांच पर जोर दिया गया।
धोबी समाज ने चेतावनी दी है कि उचित कार्रवाई नहीं होने पर सक्षम उच्चाधिकारियों और शासन के समक्ष मामला उठाने के साथ धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। प्रतिनिधिमंडल में सूरजपुर जिलाध्यक्ष धरमपाल रजक, बलरामपुर जिलाध्यक्ष बसंतलाल कन्नौजिया, जशपुर जिलाध्यक्ष राजेश सेठी, एमसीबी जिलाध्यक्ष शिवकुमार वर्मा और महिला विंग की नीलम रजक सहित अन्य पदाधिकारी शामिल रहे।
शिक्षक समाज में आक्रोश, शीघ्र गिरफ्तारी की मांग
छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन सूरजपुर के जिलाध्यक्ष भूपेश सिंह के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने एसपी को ज्ञापन सौंपकर घटना पर गहरा दुख और चिंता जताई। एसोसिएशन ने कहा कि शिक्षिका और उनके पुत्र की हत्या से शिक्षक समुदाय सहित क्षेत्र के नागरिकों में असुरक्षा की भावना पैदा हुई है। संगठन ने निष्पक्ष एवं त्वरित जांच, तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपितों की पहचान, गिरफ्तारी और पीड़ित परिवार को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने की मांग की।
साथ ही पुलिस कार्रवाई की प्रगति से परिवार को नियमानुसार अवगत कराने का आग्रह किया। प्रतिनिधिमंडल में सुविन्द गुर्जर, चन्द्र विजय सिंह, विजेंद्र साहू, पीतांबर मरावी, नागेंद्र सिंह, चन्द्रदेव चक्रधारी, जितेंद्र सिंह, बिनोद केराम, रामबरन सिंह, संतोष कुमार मरकाम, रोशन सिंह कंवर, प्रेम प्रकाश कुशवाहा और अनुज राजवाड़े सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
कांग्रेस ने भी उठाया निष्पक्ष जांच का मुद्दा
सुरजपुर शहर कांग्रेस अध्यक्ष मनोज डालमिया और ब्लाक कांग्रेस ग्रामीण अध्यक्ष जफर हैदर के संयुक्त नेतृत्व में कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने भी एसपी को ज्ञापन सौंपा। कांग्रेस नेताओं ने घटना को गंभीर और चिंताजनक बताते हुए घटनास्थल, उपलब्ध साक्ष्यों और संबंधित व्यक्तियों के बयानों की बारीकी से जांच करने की मांग की।
ज्ञापन में कहा गया कि प्रत्येक पहलू की निष्पक्ष पड़ताल कर वास्तविक तथ्यों को सामने लाया जाए और किसी की संलिप्तता प्रमाणित होने पर उसके विरुद्ध विधिसम्मत कठोर कार्रवाई की जाए। प्रतिनिधिमंडल में नगर पालिका अध्यक्ष कुसुमलता राजवाड़े, युवा कांग्रेस जिला उपाध्यक्ष अविनाश यादव, एनएसयूआई जिलाध्यक्ष आकाश साहू, संगठन महामंत्री भावना सिंह नेताम, राजेश साहू, मुस्तफा खान, सावित्री शर्मा और इमरान अंसारी सहित अन्य कार्यकर्ता शामिल रहे।