पेंड्रा(नईदुनिया न्यूज)। जिला को अस्तित्व में आए तीन वर्ष से भी ऊपर होने के बाद आजपर्यंत पेंड्रा विकासखंड के सबसे बड़े ग्राम पंचायत पदगवां में सड़क नहीं होने से ग्रामीण परेशान हैं इसे लेकर उनमें आक्रोश फूट रहा है।
पदगवां की आबादी करीब 2500 से भी ज्यादा है। वहीं चार किलोमीटर की मुख्य मार्ग की सड़क पेंड्रा पहुंच मार्ग की हालत जर्जर है। लगभग 30 वर्ष पूर्व पीडब्ल्यूडी विभाग ने चार किलोमीटर की उक्त सड़क का निर्माण की थी मगर दुर्भाग्य है कि उक्त मार्ग को पीडब्ल्यूडी विभाग अपनी मानती है। प्रधानमंत्री सड़क योजना के अधिकारी उक्त मार्ग को अपना कहने से कतराते हैं इसके कारण आज तक उक्त मार्ग का निर्माण नहीं हो पाया है जबकि ग्रामीणों को अपने सभी कार्यां के लिए उक्त मार्ग से होकर जिला मुख्यालय जनपद कार्यालय, हास्पिटल बैंक एवं अन्य कार्यों के लिए इसी जर्जर मार्ग का उपयोग करके पेंड्रा आते जाते हैं। वर्षाकाल में खराब सड़क होने की वजह से अक्सर परेशानियों का सामना करना पड़ता है। हालात इस प्रकार से है कि ना तो पीडब्ल्यूडी विभाग के अधिकारी इस ओर ध्यान दे रहे हंै और ना ही प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अधिकारी ध्यान दे रहे हैं। यहां तक ग्राम पंचायत के निर्वाचित जनप्रतिनिधि इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। इसके कारण आम नागरिकों को अक्सर धूल एवं दुर्घटनाओं का शिकार होना पड़ता है। अधिकारियों से ग्रामीणों ने शिकायत कर ध्यान आकृष्ट कराया इसके बाद भी समयस्या को लेकर गंभी नहीं है। मामले में अधिकारी एवं प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के कार्यपालन यंत्री से उक्त सड़क को अपनी मानने से इनकार करते रहे हैं एवं कार्य करने से पल्ला झाड़ रह हैं। इसके कारण ग्रामीण आक्रोशित है।
ग्रामीणों की समस्या दूर करने का प्रयास: राठौर
जनपद उपाध्यक्ष जीवन सिंह राठौर ने बताया उक्त मार्ग मात्र चार किलोमीटर कीहै। कई बार अधिकारियों को इस ओर ध्यान आकर्षित कराया गया मगर आज तक किसी भी अधिकारियों ने इस ओर ध्यान नहीं दिया है।
आना-जाना लोगों को हुआ मुश्किल: चतुर्वेदी
डा. लीलाधर चतुर्वेदी ने बताया कि सड़कों की हालत खराब होने के कारण अक्सर दुर्घटनाओं का डर बना रहता है। वहीं मुख्य मार्ग में गड्ढे होने की वजह से अक्सर ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ता है, अधिकारी ध्यान देंं।