
0 एक माह के भीतर ऑफिसर्स कॉलोनी में दूसरी बार चोरों का धावा
रायगढ़ । नईदुनिया न्यूज
चपरासी के नींद खुल जाने से एडीजे के घर में चोरी नहीं हो पाई। इससे पहले भी एक एडीजे के घर में चोर हाथ साफ कर चुके हैं।मिली जानकारी के अनुसार एडीजे गरिमा शर्मा के घर में खिड़की के रास्ते चोर दाखिल हो रहे थे। घर के भीतर दाखिल होने से पहले ही चपरासी कुलेश्वर बंजारे की नींद खुल गई और चोर उल्टे पांव वापस लौट गये। चपरासी की शिकायत पर चक्रधर नगर थाने में आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
मिली जानकारी के अनुसार पंजरी प्लांट के ऑफिसर कॉलोनी में एडीजे गरिमा शर्मा का मकान है। रोज की भांति उनका परिवार खाना खाकर सो रहा था। जबकि चपरासी कुलेश्वर बंजारे बाहर के कमरे में सोया था। इसी बीच देर रात तकरीबन 12 बजे चोर उनके मकान तक पहुंचे और खिड़की तोड़ने का प्रयास कर रहे थे। चूंकि कुलेश्वर बाहर वाले कमरे में सोया था, लिहाजा उसकी नींद खुल गई। यह देख वह सतर्क हो गया और शोर मचाने लगा। शोर सुनकर एडीजे का परिवार जाग गया। वहीं मकान में घुसने से पहले ही चोर वहां से गायब हो गए। घटना की अगली सुबह चपरासी की शिकायत पर चक्रधर नगर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर एवं चोरों की पतासाजी कर रही है। गौरतलब है कि इससे पहले कॉलोनी के रहवासी एडीजे योगेश पारिक के सूने मकान में भी चोरों ने धावा बोला था। जिसके आरोपियों को आज तक पुलिस ने नहीं पकड़ पाई है।
संदेह के घेरे में रात्रि गश्त
एक माह के भीतर दो एडीजे के घर में लगातार चोरों का धावा पुलिस कर्मियों की सजगता पर सवाल उठता रहा है। ऑफिसर्स कॉलोनी चक्रधर नगर पुलिस थाने से सटी है। ऐसे में यहां चोरों की चहलकदमी से संदेहास्पद है। अगर पुलिस रात्रि में इमानदारी से गश्त करती है तो फिर शहर में चोरी के मामले क्यों बढ़ रहे हैं। यह तमाम बातें पुलिस की कमजोरी उजागर कर रहे हैं।
चक्रधर नगर क्षेत्र में होती है ज्यादा चोरी
शहर में आपराधिक घटनाक्रम के लिए चक्रधर नगर थानाक्षेत्र हमेशा चर्चा में रहता है। खासकर चोरी के मामले इस क्षेत्र में अधिक होते हैं। कुछ दिन पहले इसी क्षेत्र में डाका और चोरी का मामला प्रकाश में आया था। इससे पहले एडीजे योगेश पारिक के घर में चोरी हुई थी। आंकड़ों पर गौर करें तो पूरे शहर में चक्रधर नगर ही एक ऐसा क्षेत्र है, जिसमें चोर लुटेरों का आतंक ज्यादा है।