• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • Mutual Funds मास्टरी
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • रायपुर

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 12, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

छत्‍तीसगढ में शराब घोटाले के आरोपी अनवर का बेटा शोएब गिरफ्तार, जेल

घटना के बाद जेल प्रशासन ने शोएब पर कार्रवाई करते हुए तीन महीने के लिए किसी भी कैदी से मुलाकात पर रोक लगा दी थी। बाद में जेल प्रहरी की शिकायत पर गंज पु...और पढ़ें

By Navodit SaktawatEdited By: Navodit Saktawat
Publish Date: Tue, 12 Aug 2025 09:56:51 PM (IST)Updated Date: Tue, 12 Aug 2025 10:02:40 PM (IST)
छत्‍तीसगढ में शराब घोटाले के आरोपी अनवर का बेटा शोएब गिरफ्तार, जेल
पकड़ा गया आरोपी शोएब ढेबर। फोटो पुलिस

HighLights

  1. शोएब पिता से मिलने को मुलाकात कक्ष में घुस गया था।
  2. इस दौरान उसने अभद्र भाषा का भी इस्तेमाल किया।
  3. जेल प्रबंधन ने इस मामले में शिकायत दर्ज कराई थी।

नईदुनिया प्रतिनिधि, रायपुर। शराब घोटाला मामले में लंबे समय से जेल में बंद कारोबारी अनवर ढेबर के बेटे शोएब ढेबर को गंज थाना पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। शोएब पर आरोप है कि वह बिना अनुमति जेल के मुलाकात कक्ष में घुस गया और वहां विवाद किया।

गंज थाना पुलिस के अनुसार, जेल प्रबंधन ने इस मामले में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में जेल प्रहरी आनंद किस्पोट्टा ने बताया कि 6 अगस्त को शोएब जबरन अपने पिता से मिलने के लिए मुलाकात कक्ष में घुस गया था। इस दौरान उसने अभद्र भाषा का भी इस्तेमाल किया।


घटना के बाद जेल प्रशासन ने शोएब पर कार्रवाई करते हुए तीन महीने के लिए किसी भी कैदी से मुलाकात पर रोक लगा दी थी। बाद में जेल प्रहरी की शिकायत पर गंज पुलिस ने मामला दर्ज किया।

12 अगस्त को उसे गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करने के बाद जेल दाखिल करा दिया। जेल अधीक्षक के अनुसार, इस घटना से न केवल सुरक्षा व्यवस्था प्रभावित हुई, बल्कि जेल संचालन में भी बाधा उत्पन्न हुई।