यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 01, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Chhattisgarh Foundation Day 2021: युवा छत्तीसगढ़ ने शिक्षा के क्षेत्र में लगाई ऊंची छलांग
Chhattisgarh Foundation Day 2021: प्रदेश भर में स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी के 171 उत्कृष्ट विद्यालयों से बदल रही है शहर की तस्वीर।
By Kadir KhanEdited By: Kadir Khan
Publish Date: Mon, 01 Nov 2021 12:05:00 PM (IST)Updated Date: Mon, 01 Nov 2021 12:05:48 PM (IST)

Chhattisgarh Foundation Day 2021: रायपुर(नईदुनिया प्रतिनिधि)। देखते-देखते स्कूली शिक्षा के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ युवा हो गया है। वर्ष 2000 में राज्य निर्माण के बाद स्कूलों की संख्या में बढ़ोतरी तो हुई ही है। इसके साथ ही शिक्षकों की संख्या भी दोगुनी हुई है। जनगणना 2011 के अनुसार छत्तीसगढ़ में साक्षरता दर 71.04 प्रतिशत है, जो जनगणना 2001 में 64.68 प्रतिशत था। करीब छह प्रतिशत अधिक रहा है।
छत्तीसगढ़ राज्य में हाई और हायर सेेकेंडरी कक्षाओं में पढ़ने के लिए बच्चों को 15 से 20 किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ती थी, लेकिन छत्तीसगढ़ में शिक्षा को लेकर जिस तरह से कार्य किए गए है, इसके चलते अब यह दूरी घटकर तीन से पांच किमी तक सिमट गई। प्रदेश भर में स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी के 171 उत्कृष्ट विद्यालयों से शहर की तस्वीर बदल रही है।
ऐसे बढ़ गई स्कूल और बच्चों की संख्या
राज्य निर्माण के समय प्रदेश में सरकारी प्राइमरी, मिडिल, हाई और हायर सेकेंडरी स्कूलों की संख्या कुल संख्या 29 हजार 11 थी और निजी स्कूलों की संख्या 1,6777 थी। राज्य गठन के समय प्रदेश के सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की संख्या एक लाख आठ हजार थी और निजी स्कूलों में 11 हजार 737 शिक्षक थे। इस समय बच्चों की संख्या 31 लाख 83 हजार 148 थी।
वर्तमान समय में प्रदेश में कुल स्कूलों की संख्या 56 हजार 727 है। इनमें निजी स्कूलों की संख्या 12 हजार है। अभी प्राइमरी में 33,25, मिडिल में 16,450, हाई स्कूल में 2,689 और हायर सेकेंडरी स्कूलों की संख्या 4,331 है। शिक्षकों की संख्या अभी दो लाख 75 हजार 222 है।