
नईदुनिया प्रतिनिधि, रायपुर। छत्तीसगढ़ मंत्रालय (महानदी भवन) और विभागाध्यक्ष कार्यालयों (इंद्रावती भवन) में कार्यरत हजारों अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए राहत भरी खबर आई है। 31 अक्टूबर को समाप्त होने जा रही स्टाफ बस सेवा अब बंद नहीं होगी। राज्य सरकार ने इस बस सेवा की संचालन अवधि को 1 नवंबर 2026 से बढ़ाकर 30 अप्रैल 2027 तक करने की आधिकारिक स्वीकृति दे दी है। इस अवधि के लिए प्रति बस पास 3,066 रुपये की प्रस्तावित मासिक दर को भी वित्तीय मंजूरी प्रदान की गई है।
सामान्य प्रशासन विभाग (जीएडी) के उप सचिव पुलक भट्टाचार्य ने इस संबंध में रायपुर नगर पालिक निगम के आयुक्त तथा नवा रायपुर अटल नगर विकास प्राधिकरण (एनआरडीए) के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को दिशा-निर्देश जारी किए हैं। आदेश के अनुसार, बस संचालन की नई व्यवस्था प्रारंभ होने अथवा नई निविदा प्रक्रिया पूर्ण होने तक (अधिकतम छह माह की अवधि के लिए) मौजूदा व्यवस्था को यथावत बनाए रखा जाएगा। इसके लिए एनआरडीए को बस संचालन का अनुबंध बढ़ाने के लिए अधिकृत किया गया है।
कर्मचारियों के सुरक्षित और सुगम आवागमन को ध्यान में रखते हुए सरकार ने बस प्रबंधन को लेकर भी सख्त रुख अपनाया है। शासन ने बसों का नियमित मेंटेनेंस और तकनीकी परीक्षण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि खराब या जर्जर बसों के स्थान पर तत्काल नई बसें उपलब्ध कराई जाएं और रास्ते में किसी बस के खराब होने पर अविलंब वैकल्पिक व्यवस्था की जाए। इसके साथ ही बसों के चालकों एवं परिचालकों का नियमित मेडिकल परीक्षण कराने और कर्मचारियों के साथ शालीन व्यवहार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
बसों का परिचालन सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा निर्धारित समय-सारणी के अनुरूप ही किया जाएगा। वहीं, वित्त विभाग के पूर्व दिशा-निर्देशों के तहत यह भी स्पष्ट किया गया है कि 1 जनवरी 2025 के बाद नियुक्त होने वाले नए अधिकारियों और कर्मचारियों को निःशुल्क बस पास की पात्रता नहीं होगी।