महतारी वंदन पर बड़ा अपडेट: दीपावली से पहले तीन नवंबर को अमित शाह जारी करेंगे किस्त
छत्तीसगढ़ में दीपावली से पहले महिलाओं को बड़ा उपहार मिलेगा। गृह मंत्री अमित शाह राज्योत्सव में महतारी वंदन योजना की 33वीं किस्त के रूप में 632 करोड़ से अधिक राशि जारी करेंगे।
Publish Date: Mon, 02 Nov 2026 07:24:59 PM (IST)Updated Date: Mon, 02 Nov 2026 07:26:07 PM (IST)
छत्तीसगढ़ में महिलाओं से जुड़ी योजना महतारी वंदन की प्रतीकात्मक तस्वीर। - अर्काइवHighLights
- दीपावली से पहले महतारी वंदन योजना की किस्त
- गृह मंत्री अमित शाह करेंगे 632 करोड़ का अंतरण
- प्रदेश की 67 लाख से अधिक महिलाएं होंगी लाभान्वित
राज्य ब्यूरो, नईदुनिया. रायपुर। छत्तीसगढ़ की लाखों माताओं और बहनों के लिए यह दीपावली खास होने वाली है। राज्य सरकार ने त्योहार के ठीक पहले प्रदेश की महिलाओं को आर्थिक उपहार देने की घोषणा की है। राज्य में चल रही महत्वाकांक्षी 'महतारी वंदन योजना' की नवंबर माह की 33वीं किस्त का अंतरण तीन नवंबर 2026 को किया जाएगा।
राज्योत्सव समारोह पर आयोजित कार्यक्रम में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। समारोह के मुख्य मंच से वे बटन दबाकर प्रदेश की पात्र महिलाओं के बैंक खातों में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से राशि सीधे भेजेंगे। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता मुख्यमंत्री विष्णु देव साय करेंगे।
632 करोड़ से अधिक की राशि होगी जारी
सरकार द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, इस चरण में कुल 67 लाख 40 हजार 410 पात्र महिलाओं को लाभान्वित किया जाएगा। इसके लिए कुल 632 करोड़ 63 लाख 67 हजार 750 रुपये की भारी-भरकम राशि जारी की जा रही है। त्योहार से ठीक पहले खातों में इतनी बड़ी रकम आने से महिलाओं और उनके परिवारों में भारी उत्साह और उमंग का माहौल है।
इन महिलाओं को मिलेगा सीधा लाभ
योजना के तहत ई-केवाईसी प्रक्रिया पूर्ण करा चुकीं राज्य भर की 67 लाख 33 हजार 502 महिला हितग्राहियों को इस किस्त का सीधा लाभ मिलेगा। इसके अतिरिक्त, नियद नेल्ला नार कैंप क्षेत्र की भी 6,908 महिलाओं को उनकी 13वीं किस्त की राशि प्रदान की जाएगी।
निरंतर जारी है सशक्तिकरण का सफर
छत्तीसगढ़ में 1 मार्च 2024 से लागू इस योजना का सफल रहा है। पहली किश्त 10 मार्च 2024 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रदान की थी। अब तक 32 किस्तों के माध्यम से महिलाओं को कुल 20 हजार 717.87 करोड़ रुपये की सहायता दी जा चुकी है। 33वीं किस्त जुड़ने के बाद यह कुल आंकड़ा बढ़कर 21 हजार 350.50 करोड़ रुपये हो जाएगा।