
नईदुनिया प्रतिनिधि, रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर से चौंकाने वाला मामला सामने आया है। रायपुर के व्यस्त आमापारा चौक के पास ट्रैफिक जाम खुलवाने में व्यस्त पुलिस की पेट्रोलिंग गाड़ी से पुलिसकर्मियों का मोबाइल और बीट डायरी निकाल ली गई। बाद में सीसीटीवी में वारदात के दर्ज होने की भनक पाकर आरोपियों ने सामान वापस रख दिया। पुलिस ने अपराध दर्ज किया है।
पुलिस के अनुसार, यह घटना 10 सितंबर की रात करीब 11 बजे की है। आजाद चौक थाना प्रभारी अर्चना धुरंधर कानून-व्यवस्था की ड्यूटी के सिलसिले में सरकारी वाहन से आरक्षक सचित शर्मा और मुकेश पाण्डेय के साथ निकली थीं। आमापारा चौक स्थित साई मंदिर के पास भारी ट्रैफिक जाम मिलने पर थाना प्रभारी और दोनों आरक्षक गाड़ी से उतरकर यातायात को सुचारू रूप से चलाने में जुट गए। इसी दौरान असामाजिक तत्वों ने सरकारी गाड़ी को अपना निशाना बना लिया।
जब ट्रैफिक क्लियर होने के बाद पुलिसकर्मी वापस अपनी पेट्रोलिंग गाड़ी के पास लौटे, तो स्थानीय लोगों ने उन्हें बताया कि दो युवक गाड़ी से मोबाइल और बीट डायरी निकालकर ले गए हैं। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। फुटेज में साफ दिखा कि सुभम सिंह और अभय मिश्रा नामक दो युवकों ने गाड़ी से सरकारी ई-साक्ष्य मोबाइल व बीट डायरी निकाली थी। हालांकि, जब उन्हें यह एहसास हुआ कि वे सीसीटीवी कैमरे की जद में आ चुके हैं, तो पकड़े जाने के डर से दोनों ने चोरी किया हुआ सामान चुपचाप वापस गाड़ी में ही रख दिया।
शुरुआत में स्थानीय थाना प्रभारी द्वारा किसी भी प्रकार की चोरी की घटना से इनकार किया गया था। लेकिन जब सीसीटीवी फुटेज और साक्ष्य पुख्ता हो गए, तो पुलिस ने सुभम सिंह (19) और अभय मिश्रा (20) के खिलाफ आजाद चौक थाने में आधिकारिक तौर पर अपराध दर्ज कर लिया है। भले ही आरोपियों ने डर के मारे सामान वापस रख दिया हो, लेकिन चोरी की नीयत से सरकारी संपत्ति को हाथ लगाने के जुर्म में अब वे कानूनी शिकंजे में फंस चुके हैं।