
नईदुनिया प्रतिनिधि, रायपुर। राजधानी में गणेश प्रतिमा विसर्जन की झांकी रविवार को निकलेगी। झांकी और विसर्जन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस ने तैयारी की है। पिछले वर्षों की तुलना में इस बार करीब डेढ़ गुना अधिक पुलिस बल तैनात किया जाएगा। सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी के लिए 50 राजपत्रित पुलिस अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है। झांकी मार्ग को छह सेक्टर में बांटकर अधिकारियों और जवानों की तैनाती की गई है। लगभग दो हजार पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे।
गणेशोत्सव के दौरान उपद्रव की आशंका वाले लोगों पर पुलिस ने पहले से कार्रवाई शुरू कर दी थी। पिछले 10 दिनों में तीनों जोन में 180 बदमाशों के खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई कर उन्हें जेल भेजने की कार्रवाई की गई है। पुलिस का फोकस अब झांकी के दौरान भीड़ के बीच होने वाले विवाद के साथ आसपास के इलाकों में होने वाली घटनाओं को रोकने पर रहेगा।
झांकी मार्ग की निगरानी के लिए पांच ड्रोन कैमरे लगाए जाएंगे। इसके साथ ही इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम के सीसीटीवी कैमरों से प्रमुख चौराहों और मार्गों की गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी। पुलिस टीम ने कैमरों की स्थिति की जांच कर ली है। खराब या बंद कैमरों को 25 सितंबर से पहले दुरुस्त कराने के निर्देश दिए गए हैं।
पिछले वर्षों में झांकी और महादेव घाट स्थित विसर्जन कुंड के आसपास हुई चाकूबाजी की घटनाओं को देखते हुए सादे कपड़ों में पुलिसकर्मी तैनात किए जाएंगे। इनकी नजर संदिग्ध गतिविधियों, मनचलों और असामाजिक तत्वों पर रहेगी। पुलिस की खास नजर झांकी के मुख्य मार्ग के बजाय उससे जुड़ी अंदरूनी गलियों और आसपास के इलाकों पर रहेगी। पुलिस के मुताबिक पूर्व में झांकी के साथ चल रही भीड़ के बजाय आसपास की गलियों में विवाद, मारपीट और चाकूबाजी की घटनाएं सामने आई हैं। ऐसे स्थानों को चिन्हित कर वहां अतिरिक्त जवान लगाए जाएंगे। झांकी में हाथ में कड़े पहनकर आने वालों के कड़े उतरवाने के निर्देश भी दिए गए हैं।
गणेश प्रतिमा विसर्जन की झांकी शारदा चौक से शुरू होकर जयस्तंभ चौक, कोतवाली चौक, सदरबाजार, कंकालीपारा और पुरानी बस्ती होते हुए लाखेनगर से रायपुरा स्थित महादेव घाट पहुंचेगी। झांकी मार्ग पर यातायात का दबाव कम करने के लिए अलग-अलग स्थानों पर पार्किंग की व्यवस्था की गई है। पुलिस ने श्रद्धालुओं से संभव हो तो पैदल झांकी में शामिल होने की अपील की है।
महादेव घाट स्थित विसर्जन कुंड में प्रतिमाओं के सुरक्षित विसर्जन के लिए सात क्रेन और करीब एक दर्जन गोताखोर तैनात किए जाएंगे। क्रेन आपरेटर और गोताखोर तीन पालियों में ड्यूटी करेंगे। कुंड के आसपास पर्याप्त पुलिस बल के साथ राजपत्रित अधिकारियों की तैनाती रहेगी। सुरक्षा को देखते हुए प्रतिमा विसर्जन के समय कुंड के पास सीमित संख्या में लोगों को ही जाने की अनुमति दी जाएगी। इससे भीड़ को नियंत्रित करने और किसी अप्रिय घटना की स्थिति में तत्काल बचाव कार्य करने में आसानी होगी।
प्रमुख गणेश पंडालों में पूरे उत्सव के दौरान तैनात किए गए पुलिस जवान अब विसर्जन के दिन संबंधित झांकी के साथ रहेंगे। इससे पंडाल से झांकी रवाना होने से लेकर विसर्जन स्थल तक सुरक्षा व्यवस्था में निरंतरता बनी रहेगी। पुलिस अधिकारियों को किसी भी विवाद या संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।