छत्तीसगढ़ के सूरजपुर में रेड नदी में नहाते समय पिता- पुत्र और दो भाइयों की डूबने से मौत
छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले में बिश्रामपुर थाना क्षेत्र की रेड नदी में नहाने के दौरान दर्दनाक हादसे में चार लोगों की डूबने से मौत हो गई। मृतकों में पिता पुत्र और उनके दो रिश्तेदार भाई शामिल हैं। दशहरा पर्व मनाने आए परिवार की खुशियां मातम में बदल गईं। पुलिस और गोताखोरों की मदद से सभी शवों को बाहर निकाला गया।
Publish Date: Sat, 24 Oct 2026 03:27:41 PM (IST)Updated Date: Sat, 24 Oct 2026 03:30:15 PM (IST)
डूबे लोगों के परिजन रेाते बिलखते हुए। - नईदुनियाHighLights
- सूरजपुर में रेड नदी में डूबे चार लोग
- मृतकों में पिता पुत्र और दो भाई शामिल
- दशहरा पर्व की खुशियां मातम में बदलीं
नईदुनिया प्रतिनिधि, सूरजपुर। छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले में पर्व की खुशियां उस वक्त मातम में बदल गईं, जब शनिवार सुबह रेड नदी में नहाने उतरे एक ही परिवार के चार लोग गहरे पानी में समा गए। बिश्रामपुर थाना क्षेत्र स्थित ग्राम सरस्वतीपुर के कोन्हाखार मोहल्ले के पास यह हृदयविदारक हादसा हुआ। मृतकों में 40 वर्षीय विवेक सिंह और उनका बेटा अभिजीत सिंह शामिल हैं, साथ ही विवेक की साली के दो पुत्र गोपाल कृष्ण और कृष्ण गोपाल की भी डूबने से मौत हो गई। बिहार के कटिहार से दशहरा मनाने आए इस परिवार को शनिवार को ही वापस लौटना था, लेकिन इस दुखद घटना ने परिजनों को कभी न भरने वाला गहरा जख्म दे दिया।
जानकारी के अनुसार, सूरजपुर के चंदरपुर निवासी नेहा सिंह ब्यूटी पार्लर संचालित करती हैं। त्योहार मनाने के लिए उनके पति विवेक सिंह, पुत्र अभिजीत, माता-पिता और बहन के दोनों बच्चे बिहार के कटिहार से आए थे। शनिवार को सभी की घर वापसी निर्धारित थी। इसी बीच सुबह विवेक सिंह स्कूटी से पंपापुर स्थित महामाया मंदिर में दर्शन करने गए। वहां से उन्होंने बेटे अभिजीत और दोनों भांजों को फोन कर सरस्वतीपुर के कोन्हाखार स्थित रेड नदी के पास बुला लिया। चारों ने घर लौटने से पहले नदी में स्नान करने की योजना बनाई थी।
तट पर मिले कपड़े और स्कूटी से हुआ अनहोनी का अहसास
नदी में नहाते समय चारों अचानक गहरे पानी में चले गए और तेज बहाव में डूबने लगे। काफी देर तक उनके बाहर न आने पर तट पर चार जोड़ी चप्पलें, कपड़े, मोबाइल और दो स्कूटी लावारिस खड़ी देख स्थानीय ग्रामीणों को अनहोनी की आशंका हुई। ग्रामीणों ने तुरंत बिश्रामपुर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने दोनों स्कूटियों के पंजीयन नंबर से जानकारी जुटाई, जो नेहा सिंह और विवेक सिंह के नाम दर्ज थीं। पुलिस ने रिकॉर्ड में दर्ज नंबर पर संपर्क कर परिजनों को अनहोनी से अवगत कराया, जिसके बाद परिवार में कोहराम मच गया।
एसडीआरएफ की टीम ने नदी से बरामद किए शव
सूचना पर पुलिस, नगर सेना और राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ) की रेस्क्यू टीम गोताखोरों के साथ मौके पर पहुंची। स्थानीय ग्रामीणों के सहयोग से नदी में गहन खोजबीन शुरू की गई। कड़ी मशक्कत के बाद पहले पत्थरों के बीच फंसे गोपाल कृष्ण का शव मिला। इसके बाद कृष्ण गोपाल और विवेक सिंह के शव निकाले गए। थोड़ी देर बाद घटनास्थल से कुछ दूरी पर बेटे अभिजीत का शव भी बरामद कर लिया गया। चारों शवों को देखकर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।