• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • Mutual Funds मास्टरी
  • होम
  • शिक्षा

लॉ कोर्स को लेकर बार काउंसिल ऑफ इंडिया ने बदले नियम, समय पर हो सकेंगी परीक्षा

कई बार में यह देखा गया है कि कॉलेज में विद्यार्थियों को प्रवेश मिल जाता है। उसके बाद महीनों तक मान्यता की प्रक्रिया पूरी नहीं होती है।

By Digital DeskEdited By: Prashant Pandey
Publish Date: Wed, 30 Sep 2026 01:45:47 PM (IST)Updated Date: Wed, 30 Sep 2026 01:50:38 PM (IST)
लॉ कोर्स को लेकर बार काउंसिल ऑफ इंडिया ने बदले नियम, समय पर हो सकेंगी परीक्षा
देवी अहिल्या विश्वविद्यालय का इंदौर स्थित ऑफिस। - फाइल फोटो

HighLights

  1. कॉलेजों को आगामी सत्र की मान्यता के लिए पहले आवेदन करना होगा
  2. बीसीआई के निर्देश पर विश्वविद्यालय कॉलेज का निरीक्षण करेगा
  3. विश्वविद्यालय की ओर से कॉलेज को संबद्धता जारी की जाएगी

नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। विधि कोर्स की मान्यता को लेकर बार काउंसिल ऑफ इंडिया (बीसीआई) से व्यवस्था में बदलाव कर दिया है। अब सालभर पहले ही कालेजों की कोर्स की मान्यता हासिल करना होगी। इसका फायदा यह होगा कि कोर्स के प्रथम वर्ष की परीक्षा समय पर हो सकेंगी। अधिकारियों के मुताबिक कोर्स की समय पर मान्यता मिलने से विश्वविद्यालय भी संबद्धता तुरंत जारी कर सकेंगे।

कई बार में यह देखा गया है कि कॉलेज में विद्यार्थियों को प्रवेश मिल जाता है। उसके बाद महीनों तक मान्यता की प्रक्रिया पूरी नहीं होती है। साथ ही समय पर विश्वविद्यालय से संबद्धता नहीं मिलती है।

इस वजह से बीए एलएलबी, बीकाम एलएलबी, बीएससी एलएलबी, बीबीए एलएलबी प्रथम सेमेस्टर की परीक्षा छह से आठ महीने देरी से होती है। विद्यार्थियों को शपथ पत्र भरवाकर परीक्षा में सम्मिलित किया जाता है। फिर परिणाम आने में भी समय लगता है।


डीएवीवी में लागू हुई व्यवस्था

नए नियम के तहत अब कॉलेजों को आगामी सत्र की मान्यता के लिए पहले आवेदन करना होगा। आवेदन मिलने के बाद बीसीआई के निर्देश पर विश्वविद्यालय कॉलेज का निरीक्षण करेगा। कोर्स के लिए जरूरी सुविधाओं, संसाधनों और अन्य निर्धारित मापदंडों की जांच की जाएगी। निरीक्षण रिपोर्ट के आधार पर मान्यता की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। इसके बाद विश्वविद्यालय की ओर से कॉलेज को संबद्धता जारी की जाएगी।

यह व्यवस्था देवी अहिल्या विश्वविद्यालय (डीएवीवी) में लागू हो चुकी है। नए नियम के तहत प्रक्रिया शुरू भी हो चुकी है। विश्वविद्यालय ने वर्ष 2026-27 सत्र के लिए विधि कॉलेजों का निरीक्षण शुरू कर दिया है। अब तक करीब आधा दर्जन कॉलेज निरीक्षण की प्रक्रिया पूरी करवा चुके हैं। कुलसचिव प्रज्वल खरे का कहना है कि आगामी सत्र की मान्यता को लेकर कॉलेजों का निरीक्षण किया जा रहा है।

यह भी पढ़ें- DAVV में अग्निवीरों की ट्यूशन फीस होगी माफ, 1.5 करोड़ के दान से बनेगा नया भवन, मुफ्त मिलेगी उच्च शिक्षा