
मनोरंजन डेस्क, नई दिल्ली। भारतीय सिनेमा के वरिष्ठ और मशहूर अभिनेता नाना पाटेकर अब हमारे बीच नहीं रहे। 75 साल की उम्र में उन्होंने इस दुनिया को अलविदा कह दिया। नाना पाटेकर को उनके गोवा स्थित घर में अचेत अवस्था में पाया गया। इसके बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
रिपोर्ट के मुताबिक, उन्हें बचाने के लिए करीब 45 मिनट तक CPR दी गई, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका।गोवा के मणिपाल अस्पताल के ऑन्कोलॉजी विभाग के प्रमुख डॉ. शेखर सालकर के मुताबिक, नाना पाटेकर का सुबह 5:20 बजे निधन हुआ। उनके निधन के बाद मेडिको-लीगल केस (MLC) दर्ज किया गया है और पोस्टमॉर्टम कराया जाएगा।
Veteran actor Nana Patekar passed away at 5:20 AM today after suffering a severe cardiac arrest at his residence. Despite 45 minutes of continuous CPR, he could not be revived. A medico-legal case (MLC) has been registered, and a post-mortem will be conducted: Dr. Shekhar Salkar, Chief of Oncology Department, Manipal Hospital
— ANI (@ANI) October 8, 2026
नाना पाटेकर को हिंदी और मराठी सिनेमा के चर्चित अभिनेताओं में से एक माना जाता है। उनका जन्म 1 जनवरी 1951 को महाराष्ट्र के रायगढ़ जिले के मुरुड-जंजीरा में हुआ था। वह सिर्फ अभिनेता ही नहीं, बल्कि फिल्म निर्माता, निर्देशक और लेखक भी रहे।
नाना पाटेकर के एक्टिंग करियर का आगाज 1978 की फिल्म ‘गमन’ से हुआ। शुरुआती दौर में उन्होंने मराठी और हिंदी सिनेमा दोनों में अपना हुनर दिखाया। साल 1988 में रिलीज हुई मीरा नायर की फिल्म ‘सलाम बॉम्बे’ से उनके काम को खास पहचान मिली। हालांकि, 1989 की चर्चित फिल्म ‘परिंदा’ उनके करियर का सबसे बड़ा टर्निंग पॉइंट साबित हुई, जिसमें एक गैंगस्टर के प्रभावशाली किरदार के लिए उन्हें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार और फिल्मफेयर अवॉर्ड से सम्मानित किया गया।
अपने लंबे फिल्मी सफर में उन्होंने कई चुनौतीपूर्ण भूमिकाओं को पर्दे पर जीवंत किया। ‘अंकुश’, ‘प्रतिघात’, ‘प्रहार’, ‘तिरंगा’, ‘क्रांतिवीर’, ‘अग्निसाक्षी’, ‘खामोशी: द म्यूजिकल’, ‘अब तक छप्पन’, ‘अपहरण’, ‘राजनीति’ जैसी गंभीर व संजीदा फिल्मों के अलावा ‘वेलकम’ और ‘वेलकम बैक’ जैसी कॉमेडी फिल्मों में अपने बेहतरीन अभिनय से उन्होंने अपनी बहुमुखी प्रतिभा का लोहा मनवाया।