
एंटरटनेमेंट डेस्क। टाइगर श्रॉफ फायरिंग की घटना के बाद पूरे बॉलीवुड में खलबली मची हुई है। इसे लेकर तरह-तरह की थ्योरी सामने आ रही है। अब एक नई थ्योरी सामने आई कि टाइगर के अलावा शूटर्स का निशाना कुछ बड़े स्टार थे।
एक पुलिस अधिकारी ने साफ किया है कि एक्टर टाइगर श्रॉफ की कार को टारगेट करके की गई फायरिंग की घटना के सिलसिले में गिरफ्तार किए गए चार लोगों से पूछताछ में किसी दूसरे सेलिब्रिटी के टारगेट होने की कोई जानकारी नहीं मिली है। यह सफाई उन रिपोर्ट्स के बीच आई है जिनमें दावा किया गया था कि सलमान खान असली टारगेट थे और आरोपियों ने आमिर खान और अक्षय कुमार समेत दूसरे बॉलीवुड स्टार्स के घरों का भी सर्वे किया था।
गिरफ्तारियों के बारे में बात करते हुए, डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस (स्पेशल सेल) प्रवीण त्रिपाठी ने कहा कि चारों आरोपी कथित तौर पर इस मामले से जुड़े हथियार सप्लाई नेटवर्क में शामिल थे। उन्होंने बताया कि उनका काम सिर्फ हथियार खरीदना, उन्हें मुंबई लाना और उन्हें तय जगह तक पहुंचाना था।
जब पूछा गया कि क्या किसी और सेलिब्रिटी को टारगेट किया गया था, तो त्रिपाठी ने ANI को बताया, “हमारी पूछताछ में ऐसा कुछ सामने नहीं आया, क्योंकि ये लोग सिर्फ़ हथियार सप्लाई नेटवर्क का हिस्सा थे। उनकी जानकारी सिर्फ़ इतनी थी कि हथियार कहाँ से खरीदने हैं और उन्हें कहाँ डिलीवर करना है...”
उनके बयान से यह कन्फर्म नहीं होता कि आमिर खान, अक्षय कुमार या सलमान खान टारगेट लिस्ट में थे। इसमें खास तौर पर इस बात का ज़िक्र है कि जांच करने वालों को हथियारों की कथित सप्लाई के सिलसिले में पूछताछ किए गए चार लोगों से क्या पता चला।
जांच सूत्रों के हवाले से रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि शुरू में सलमान खान को टारगेट किया गया था, लेकिन आरोपियों द्वारा उनके गैलेक्सी अपार्टमेंट्स वाले घर की रेकी करने और सिक्योरिटी इंतज़ामों को पार करना मुश्किल लगने के बाद कथित प्लान पर फिर से सोचा गया। इन रिपोर्ट्स के मुताबिक, बाद में टाइगर श्रॉफ को तुलनात्मक रूप से आसान टारगेट के तौर पर पहचाना गया।
दूसरी रिपोर्ट्स में यह भी दावा किया गया है कि आरोपी आम विज़िटर बनकर मुंबई में घूमते थे और अमिताभ बच्चन, आमिर खान और अक्षय कुमार समेत कई बॉलीवुड सेलिब्रिटीज़ से जुड़ी जगहों का सर्वे करते थे। ये दावे जांच सूत्रों के हवाले से किए गए हैं और इन्हें त्रिपाठी के बयान से कन्फर्म नहीं माना जाना चाहिए।
पुलिस अधिकारी की बातें इसलिए ज़रूरी हैं क्योंकि वे हमले की बड़ी जांच से गिरफ्तार किए गए चार लोगों की कथित भूमिका को अलग करती हैं। उनके बयान से यह पता नहीं चलता कि कथित टारगेट लिस्ट में दूसरे सेलिब्रिटी शामिल थे या नहीं, और न ही यह उनके घरों पर कथित रेकी की स्वतंत्र रूप से पुष्टि करता है।
त्रिपाठी के अनुसार, एक स्पेशल टीम ने चार लोगों को गिरफ्तार किया: दो महिलाएं, राधा और बबीता, और दो पुरुष, कुणाल और सुमित। उन्होंने कहा कि कुणाल, जो हाल ही में एक दूसरे मामले में जेल से रिहा हुआ था, कथित तौर पर अनिल पंडित के कहने पर हथियार लेने के लिए सुमित के साथ अमृतसर गया था।
त्रिपाठी ने कहा कि कुणाल ने बाद में राधा और बबीता का इस्तेमाल करके हथियार मुंबई पहुंचाए। महिलाओं ने कथित तौर पर उन्हें रेलवे स्टेशन के पास एक नाबालिग को दिया। उन्होंने कहा कि कुणाल एन्क्रिप्टेड कम्युनिकेशन के ज़रिए पंडित के संपर्क में था और पहले भी उसके कहने पर पानीपत में एक शूटिंग की घटना को अंजाम दे चुका था।