क्या हाई-प्रोटीन स्नैक्स से किडनी हो सकती है खराब? जानें क्या कहते हैं डॉक्टर
हाई-प्रोटीन स्नैक्स शरीर को एनर्जी और मसल्स सपोर्ट देते हैं, लेकिन अधिक सेवन किडनी पर प्रेशर बढ़ाता है। स्वस्थ लोग सीमित मात्रा में खा सकते हैं, लेकिन किडनी रोग, डायबिटीज और हाई BP वाले लोगों को सावधानी जरूरी है। डॉक्टर की सलाह, पर्याप्त पानी और न्यूट्रिशन लेबल ज़रूर ध्यान में रखें।
Publish Date: Sun, 30 Nov 2025 11:49:22 AM (IST)
Updated Date: Sun, 30 Nov 2025 11:49:22 AM (IST)
हाई-प्रोटीन स्नैक्स किडनी क्या डालता है असर। (फाइल फोटो)HighLights
- अधिक प्रोटीन से किडनी पर वेस्ट फिल्टर स्ट्रेन बढ़ता है।
- किडनी रोगियों को हाई-प्रोटीन स्नैक्स से सावधानी बरतनी चाहिए।
- स्वस्थ लोग कभी-कभार सीमित मात्रा में सेवन करें।
लाइफस्टाइल डेस्क। आज के समय में फिटनेस का ट्रेंड तेजी से बढ़ रहा है। हर कोई सिक्स पैक एब्स चाहता है। मसल्स ग्रोथ और एनर्जी बूस्ट के लिए हाई-प्रोटीन स्नैक्स बेहद जरूरी है। ऐसे में प्रोटीन बार, पीनट बटर, ग्रीक योगर्ट, चिकन स्ट्रिप्स और सोया स्नैक्स को हेल्दी चॉइस मानकर लोग रोज खाते हैं।
लेकिन आज का सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या ये स्नैक्स किडनी के लिए उतने ही सुरक्षित हैं जितना हम सोचते हैं?
किडनी ही शरीर से प्रोटीन के बाय-प्रोडक्ट्स को फिल्टर करती है, इसलिए इनका प्रभाव समझना बेहद जरूरी है। यशोदा हॉस्पिटल्स, हैदराबाद के कंसल्टेंट नेफ्रोलॉजिस्ट डॉ. शशि किरण बताते हैं कि संतुलन ही स्वास्थ्य की कुंजी है।
क्या हाई-प्रोटीन स्नैक्स किडनी पर दबाव डालते हैं?
जब शरीर जरूरत से ज्यादा प्रोटीन लेता है, तो किडनी को वेस्ट पदार्थों को बाहर निकालने के लिए अधिक मेहनत करनी पड़ती है। स्वस्थ व्यक्ति कभी-कभार हाई-प्रोटीन स्नैक्स खा सकते हैं, क्योंकि उनकी किडनी सामान्य रूप से इस लोड को संभाल लेती है, लेकिन लगातार अधिक प्रोटीन लेना किडनी पर भार बढ़ा सकता है।
किन लोगों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए?
- किडनी रोग से पीड़ित लोग
- डायबिटीज या हाई बीपी वाले
- 60 वर्ष से अधिक आयु के लोग
- पहले से प्रोटीन सप्लीमेंट लेने वाले
इन लोगों में किडनी पहले से ही कमजोर होती है, इसलिए अधिक प्रोटीन लेने से नुकसान का खतरा बढ़ जाता है।
डॉक्टर की सलाह: कैसे करें सुरक्षित सेवन?
- रोजाना न खाएं, कभी-कभार खाएं
- पैक्ड स्नैक्स का लेबल पढ़ें (सोडियम, शुगर, फैट चेक करें)
- हाई-प्रोटीन स्नैक को पूरा मील रिप्लेसमेंट न बनाएं
- पानी खूब पिएं, ताकि किडनी फिल्ट्रेशन आसान हो
- किडनी रोग हो तो डॉक्टर की सलाह के बिना प्रोटीन न लें