
लाइफस्टाइल डेस्क: पर्यटन स्थल तिघरा पहले से ही अपनी प्राकृतिक सुंदरता और शांत वातावरण के लिए जाना जाता है, लेकिन अब यह पर्यटकों के लिए और भी आकर्षक का केंद्र बन गया है। यहां वॉटर बाइसिकल और बच्चों के लिए खास जार्बिंग बॉल जैसी मजेदार वॉटर एक्टिविटीज शुरू हो चुकी हैं।
.jpg)
वॉटर बाइसिकल पर पर्यटक खुद पैरों से पानी चीरते हुए एक्सरसाइज और मस्ती का दोहरा आनंद ले सकेंगे। वहीं बच्चे जार्बिंग बॉल में खूब एंजाय कर पाएंगे। मध्य प्रदेश पर्यटन विभाग भोपाल ने यहां की बोट की संख्या में इजाफा करते हुए पांच वॉटर बाइसिकल और जार्बिंग बॉल भेजी हैं, जिनका ट्रायल भी हो चुका है। अब यह पर्यटकों के लिए उपलब्ध हैं। बच्चों से लेकर युवाओं और परिवारों तक, ये नई एक्टिविटीज हर उम्र के पर्यटकों को लुभाएंगी।
तिघरा डैम में इन नई बोट्स के अलावा यहां पांच पैडल बोट, एक जलपरी, एक मिनी क्रूज, एक वॉटर स्कूटर, पांच स्पीड बोट पहले से हैं, जिन्हें पर्यटक एंजॉय करते हैं। बोटिंग का सीजन जून से शुरू होकर जनवरी तक रहता है, जिसमें प्रतिदिन इतनी तादाद में पर्यटक पहुंचते हैं कि यहां बोट कम पड़ जाती हैं। इसीलिए इन वॉटर बाइसिकल का इंतजाम सीजन के पहले किया गया है।
विभाग से जुड़े अधिकारियों की माने तो इस साल के अंत तक क्रूज भी आ सकता है, जो डबल स्टोरी में होगा। इसमें एक साथ 90 पर्यटक बैठकर तिघरा डैम का लुत्फ उठा सकेंगे। इसमें पार्टियां एवं छोटे प्रोग्राम भी शहरवासी कर सकेंगे। उल्लेखनीय है कि क्रूज के लिए पहले भी तिघरा डैम का सर्वे हो चुका है।
उस समय पानी की गहराई और पत्थर का आकलन किया गया था। किसी कारणवश उस समय फाइल रुक गई थी। अब फिर से प्रयास शुरू किए गए और फाइल भोपाल भेजी गई है। उम्मीद जताई जा रही है कि तिघरा को यह सौगात जल्द मिलेगी।
जार्बिंग बॉल को तिघरा डैम के बोट क्लब के करीब जैटी किनारे उतार दिया गया है। इसमें एक साथ दो बच्चे एंजाय कर सकते हैं। बच्चे अंदर पहुंचकर जिस तरह से उछल-कूद करते हैं, उसी तरह बॉल भी इधर-उधर हलचल करती है। इस बॉल के अंदर आक्सीजन रहती है, जिससे बच्चों को दिक्कत न हो। बाल को रस्सी से बांध दिया गया है, जिससे यह एक निश्चित दूरी तक ही जा सकती है। इसका रेट 200 रुपये रखा गया है।
तिघरा में पांच वॉटर बाइसिकल आ चुकी हैं। इनमें वन सीटर तीन और टू सीटर दो बाइसिकल शामिल हैं। ये पैडल बोट की तरह पैर से चलती हैं। पर्यटक इसमें लाइफ जैकेट पहनकर बैठते हैं। पैदल बोट की तरह ही ये बाइसिकल जैटी के आसपास ही चलाई जाती है। इसमें मोड़ने के लिए हैंडल भी दिया है, जिसे खुद ऑपरेट किया जा सकता है। वन सीटर का रेट प्रति व्यक्ति 150 रुपये और टू सीटर का प्रति व्यक्ति 100 रुपये रखा गया है।
जैसे-जैसे गर्मी बढ़ेगी, वैसे-वैसे तिघरा का पानी कम होगा। इस दौरान जैटी बढ़ाई जाएगी और राउंड का एरिया भी बढ़ाया जाएगा। जून से वर्षा शुरू होते ही जैटी कम कर ली जाएगी। क्योंकि उस समय पानी बोट क्लब तक भरना शुरू हो जाएगा।
| सुविधा का नाम | संख्या | क्षमता (व्यक्ति) | किराया (रुपये में) |
|---|---|---|---|
| जार्बिंग बॉल | एक | दो बच्चे | 200 |
| वॉटर बाइसिकल (वन सीटर) | तीन | एक व्यक्ति | 150 |
| वॉटर बाइसिकल (टू सीटर) | दो | दो व्यक्ति | 200 |
| पैदल बोट | पांच | चार लोग | 300 (प्रति बोट) |
| जलपरी | एक | 20 लोग | 150 (प्रति व्यक्ति) |
| क्रूज | एक | 35 लोग | 180 (प्रति व्यक्ति) |
| वाटर स्कूटर | एक | एक व्यक्ति | 700 (प्रति व्यक्ति) |
| स्पीड बोट | पांच | एक व्यक्ति | 170 (प्रति व्यक्ति) |
तिघरा में वाटर बाइसिकल और जार्बिंग बॉल आ चुकी हैं। इनमें पांच वॉटर बाइसिकल और एक जार्बिंग बॉल शामिल हैं। ये पर्यटकों के बीच आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं। यकीनन इससे पर्यटकों की संख्या में इजाफा होगा। सीजन के दौरान पर्यटकों की वेटिंग को कम करने और पर्यटकों को कुछ नया देने के लिए यह प्रयास किया गया है।
- नितिन कटारे, रीजनल मैनेजर, मप्र पर्यटन विभाग।