
अनूपपुर, नईदुनिया प्रतिनिधि। स्कूली छात्रा का अपहरण कर दुष्कर्म करने के मामले में तीन आरोपितों को न्यायालय ने 20-20 साल की सजा सुनाई है। साथ ही आरोपितों पर 25-25 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। साल 2018 में चचाई थाना क्षेत्र की एक नाबालिग स्कूली छात्रा को तीन युवक बहला कर अपहरण कर ले गए थे। आरोपितों ने नाबालिग के साथ दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया था।
द्वितीय अपर सत्र व विशेष न्यायाधीश (पाक्सो) अनूपपुर की अदालत ने थाना चचाई के आरोपित 18 वर्षीय आदिल अहमद पुत्र नासीर अहमद, 18 वर्षीय सायना सिद्दकी उर्फ सिम्मी पुत्र हसन सिद्दकी दोनों निवासी सेकंड एफ कालोनी व सहआरोपित 28 वर्षीय नौशाद खान पुत्र सलाम खान निवासी वार्ड सात अनूपपुर को सजा सुनाई है।
जिला अभियोजन अधिकारी रामनरेश गिरि ने शनिवार को बताया कि घटना सितंबर 2018 की है। पीड़िता घर से स्कूल गई थी। स्कूल में प्रार्थना के बाद आरोपित आदिल अहमद बोला कि चलो बसस्टैंड तरफ घूम कर आते हैं,तो पीड़िता ने मना कर दिया, तब आरोपित ने बोला कि चलो कुछ खाकर घूमकर वापस आ जाएंगे। तब पीड़िता आरोपित आदिल अहमद के साथ बस स्टैंड गई। यहां एक अन्य व्यक्ति मिला वहां से जबरन पीड़िता को बस में बैठाकर बुढ़ार ले गए। बुढ़ार बस स्टैंड में साईना सिद्दकी मिली, फिर वहां से बस से चारों लोग शहडोल गए। यहां से सभी आरोपित बस से पीड़िता को रीवा ले गए। रीवा में एक लाज में रूके थे। दूसरे दिन सतना ले गए जहां एक लाज में दो कमरे बुक कराए एक कमरे में आरोपित आदिल पीड़िता के साथ तथा शेष आरोपित दूसरे कमरे में रूके, जहां आरोपित आदिल ने पीड़िता के साथ उसकी मर्जी के बिना शारीरिक संबंध बनाया फिर आरोपित पीड़िता को इलाहाबाद ले गए। जहां बस स्टैंड के पास एक होटल में कमरा किराए लिया। इस कमरे में आरोपित आदिल पीड़िता के साथ तथा दूसरे कमरे में महबूब खान व सायना सिद्दकी रूके थे। यहां भी आरोपित के द्वारा पीड़िता से उसकी मर्जी के बिना दो-तीन बार शारीरिक संबंध बनाया। इलाहाबाद में मेहबूब खान ने पीड़िता का मोबाइल 3000 रुपये में गिरवी रख लिया था। आठ सितंबर को इलाहाबाद से ट्रेन पकड़कर चारों लोग टाटानगर आए थे। जहां महबूब और सायना सिद्दकी पीड़िता एवं आदिल को छोड़कर चले गए। जहां पर आरोपित आदिल 9 से 12 सितंबर तक एक होटल में रूका था, वहां भी आदिल पीड़िता को जान से मारने की धमकी देकर जबरजस्ती करता था। 12 सितंबर 2018 को आदिल अपनी बहन शमा के यहां लेकर गया था, जहां पर उसकी बहन, भाई और पिता सभी मिलकर पीड़िता का धर्म परिवर्तन कराना चाहते थे। 13 सितंबर 18 को आरोपित आदिल अपनी बहन शमा खातून के साथ पीड़िता को अनूपपुर लेकर आया। यहां अनूपपुर बसस्टैंड पर नौशाद खान मिला जो मारूति होटल अनूपपुर में अपनी आइडी से कमरा बुक कराया था,जहां पीडिता, शमा खातून और आरोपी आदिल रूके थे। 14 सितंबर 2018 को पुलिस ने होटल में पीड़िता को दस्तयाब कर उसकी मां को सुपुर्द किया। मामला पंजीबद्ध कर विवेचना कर न्यायालय में प्रस्तुत किया। विशेष लोक अभियोजक ने मामले को साबित करने के लिए न्यायालय में 19 साक्षियों के साक्ष्य कराए एवं 25 दस्तावेज प्रदर्शित कराए। इस पर न्यायालय ने आरोपितों को सजा सुनाई।