बालाघाट (नईदुनिया प्रतिनिधि)। महावीर इंटरनेशनल एवं आयुष्मान हास्पिटल बालाघाट के संयुक्त तत्वावधान में एक दिवसीय स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। जिसमें नागपुर से आए चिकित्सा विशेषज्ञों ने मरीजों की जांच की। र्किंग्सवे अस्पताल से आए हृदय रोग विशेषज्ञ डाक्टर शैलेंद्र गंजेवार ने मरीजों की नब्ज टटोलकर उनके दिल का हाल जाना। आयुष्मान हास्पिटल में आयोजित स्वास्थ्य शिविर में 500 मरीजों की जांच की गई। जिसमें 90 मरीज किडनी से जुड़ी समस्याओं के सामने आए हैं। वहीं करीब 130 मरीज हृदय संबंधी बीमारी से पीड़ित मिले हैं।बीपी,शुगर के मरीजों की संख्या भी बहुत अधिक है,ये गंभरी समस्या नहीं है,लेकिन इसे गंभीर नहीं होने देना चाहिए। इसके दुष्प्रभाव से सभी गंभीर बीमारियां होती हैं। बीपी,शुगर दोने की गंभरी बीमारियों को जन्म देने वाली बीमारियां हैं।
विशेषज्ञों ने दी अपनी राय
हृदय रोग विशेषज्ञ डाक्टर शैलेंद्र गंजेवार ने असंतुलित खान-पान,तनाव और काम की व्यस्तता से लोगों की प्रभावित हो रही दिनचर्या को इसका बड़ा कारण बताया।उन्होंने बताया कि बीमारी का इलाज कराना जितना जरूरी है,उतना ही जरूरी है अपनी सेहत के प्रति निरंतर सतर्क रहना। इसी प्रकार किंग्सवे अस्पताल के किडनी रोग विशेषज्ञ विशाल रामटेके ने स्वास्थ्य शिविर में मरीजों की जांच की,ज्यादातर मरीजों में किडनी स्टोन की शिकायत सामने आई। इसके लिए उन्होंने चिकित्सा परामर्श देने के साथ ही स्वस्थ्य रहने के उपाय भी बताए। शिविर के आयोजन को लेकर डाक्टर बीएम शरणागत ने बताया कि कोविड के चलते पिछले ढाई सालों से स्वास्थ्य शिविर का आयोजन नहीं किया।बालाघाट में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर करने और स्थानीय लोगों को चिकित्सा सुविधा मुहैया कराने के लिए शिविर का आयोजन निरंतर किया जाता रहेगा।
ये रहे उपस्थित
स्वास्थ्य शिविर में डाक्टर शैलेंद्र गंजेवार, डाक्टर विशाल रामटेके, डाक्टर बीएम शरणागत, महावीर इंटरनेशन के जिला अध्यक्ष राकेश सचान, कलेक्टर गिरीश मिश्रा, पिछड़ा वर्ग कल्याण आयोग अध्यक्ष गौरीशंकर बिसेन, आइएमए अध्यक्ष डाक्टर अर्चना शुक्ला, रमेश रंगलानी सोहन वैध अंतराष्ट्रीय उपाध्यक्ष महावीर इंटनेशन समेत सुशील जैन, पुष्पा बिसेन, लता एलकर, महेंद्र भाई टांक, सिद्धकरण कांकरिया, मुलायम जैन एवं आयुष्मान हास्पिटल का स्टाप मौजूद रहा।