• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • Mutual Funds मास्टरी
  • होम
  • मध्य प्रदेश
  • भिंड

भिंड: गोरमी क्षेत्र में आंधी-अतिवृष्टि से फसलें हुई बर्बाद, 24 घंटे बाद भी सर्वे न होने से किसानों में आक्रोश

किसानों के मुताबिक फसलों को हुए नुकसान की जानकारी हल्का पटवारी और तहसीलदार तक पहुंचाने का प्रयास किया गया, लेकिन घटना के करीब 24 घंटे बाद भी मौके पर स...और पढ़ें

By Manoj ShrivastavaEdited By: Rajdil Shivhare
Publish Date: Fri, 16 Oct 2026 06:37:43 PM (IST)Updated Date: Fri, 16 Oct 2026 06:38:20 PM (IST)
भिंड: गोरमी क्षेत्र में आंधी-अतिवृष्टि से फसलें हुई बर्बाद, 24 घंटे बाद भी सर्वे न होने से किसानों में आक्रोश
गोरमी क्षेत्र में बारिश के बाद खेत में भीगी पड़ी फसल। नईदुनिया

HighLights

  1. ज्वार, बाजरा व तिल की फसलें तबाह
  2. खेतों में पानी भरने से भारी नुकसान
  3. पटवारी-तहसीलदार के न पहुंचने से नाराजगी

नईदुनिया न्यूज, भिंड (गोरमी)। गोरमी क्षेत्र में देर रात तेज आंधी और अतिवृष्टि ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। कई गांवों में खेत जलमग्न हो गए हैं और फसलें बुरी तरह प्रभावित हुई हैं। ज्वार, बाजरा और तिल की फसल को सबसे अधिक नुकसान होने की बात सामने आ रही है। खेतों में पानी भरने से फसलें उतराती नजर आ रही हैं। किसानों का कहना है कि पहले से खाद की किल्लत बनी हुई है, अब बारिश ने उनकी मेहनत पर पानी फेर दिया है।

किसानों की उम्मीदों को झटका

अचानक बदले मौसम ने किसानों की उम्मीदों को झटका दिया है। खेतों में पानी भरने से फसल के साथ खाद और बीज के खराब होने की आशंका भी है। किसानों के सामने अब आगामी फसल की तैयारी और परिवार के भरण-पोषण की चिंता खड़ी हो गई है। उनका कहना है कि नुकसान के कारण आर्थिक स्थिति और बिगड़ सकती है।


सर्वे नहीं होने से किसानों में नाराजगी

किसानों के मुताबिक फसलों को हुए नुकसान की जानकारी हल्का पटवारी और तहसीलदार तक पहुंचाने का प्रयास किया गया, लेकिन घटना के करीब 24 घंटे बाद भी मौके पर सर्वे शुरू नहीं हुआ। किसानों का कहना है कि अधिकारी खेतों तक नहीं पहुंचे हैं। इससे प्रभावित किसानों को मुआवजे की उम्मीद के बीच चिंता सता रही है। किसानों ने प्रशासन से जल्द सर्वे कराकर नुकसान का आकलन करने और नियमानुसार राहत दिलाने की मांग की है।

पहले ही खाद की किल्लत से परेशानी थी। अब अतिवृष्टि ने फसलें बर्बाद कर दी हैं। खेतों में पानी भरा है, लेकिन अभी तक सर्वे करने कोई नहीं पहुंचा। प्रशासन जल्द नुकसान का आकलन कराए, ताकि प्रभावित किसानों को राहत मिल सके। - बाबूसिंह, किसान।

गोरमी क्षेत्र में फसल नुकसान की जानकारी मिली है। बीमित किसान 48 घंटे में कंपनी के हेल्पलाइन नंबर पर सूचना दें। साथ ही विभाग द्वारा भी फसल नुकसान का आकल कराया जाएगा। -रामसुजान शर्मा, उप संचालक कृषि भिंड।