
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। राजधानी की हवा अक्टूबर से ही बिगड़ने लगी है। सबसे चिंताजनक स्थिति नए भोपाल के उन इलाकों की है, जहां व्यावसायिक गतिविधियां, भारी यातायात और निर्माण कार्य लगातार बढ़ रहे हैं। शहर में लगे तीन मॉनिटरिंग स्टेशनों के अक्टूबर के आंकड़े बताते हैं कि पर्यावरण परिसर और टीटी नगर में वायु प्रदूषण का स्तर ईदगाह हिल्स से अधिक रहा।
इन दोनों स्टेशनों पर पूरे महीने का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 121.20 दर्ज किया गया, जबकि ईदगाह हिल्स में यह 104.17 रहा। विडंबना यह है कि पर्यावरण परिसर में ही प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड का मुख्यालय स्थित है, लेकिन उसके आसपास की हवा भी प्रदूषण से अछूती नहीं है।
आंकड़ों के मुताबिक, पर्यावरण परिसर और टीटी नगर में 27 अक्टूबर को एक्यूआई 172 तक पहुंच गया। इन दोनों ही क्षेत्रों में 26 दिन हवा की गुणवत्ता असंतोषजनक दर्ज की गई। वहीं, ईदगाह हिल्स में पूरे महीने का औसत स्तर तुलनात्मक रूप से कम रहा, लेकिन यहां भी 28 अक्टूबर को वायु प्रदूषण सूचकांक 183 दर्ज किया गया, जो अक्टूबर में तीनों स्टेशनों का सबसे अधिक एकदिवसीय स्तर रहा।
स्टेशनवार आंकड़ों में नए भोपाल के अरेरा कॉलोनी और टीटी नगर के आसपास के क्षेत्रों में लगे दोनों निगरानी केंद्रों पर औसत प्रदूषण अधिक होने का संकेत मिलता है। इन क्षेत्रों में लगातार बढ़ता यातायात, व्यावसायिक गतिविधियां, निर्माण स्थलों से उड़ती धूल और बदलता मौसम इसकी प्रमुख वजहें हो सकते हैं। वहीं, एमपीपीसीबी के अपने मुख्यालय के आसपास हवा की गुणवत्ता का यह स्तर निगरानी और नियंत्रण व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है।
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