Bhopal News:भोपाल (नवदुनिया प्रतिनिधि)। पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री महेन्द्र सिंह सिसौदिया के मुख्य आतिथ्य में निपानिया सूखा ग्राम में 25 सितम्बर को दो बजे भोपाल जिले के 14 ग्राम पंचायत ओडीएफ प्लस (खुले में शौचमुक्‍त) घोषित कर दिया है। इस कार्यक्रम में सांसद साध्वी प्रज्ञा ठाकुर, विधायक और अधिकारी भी शामिल हुए। जिला पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी विकास मिश्रा ने बताया कि कार्यक्रम में थर्ड जेंडर संजना भोपाल की स्वचछता की ब्रांड एम्बेसेडर के साथ 14 ग्रामों की स्वच्छता दूत महिलाओं को भी सम्मानित किया जा रहा है। भोपाल जिले की 14 गांव जिनमें फन्दा जनपद पंचायत की जनपद पंचायत ईंटखेड़ी सड़क के ग्राम घीसीपुरा, मंडला के ग्राम कल्यानपुर, निपानिया सूखा के ग्राम रोजीबेग, तारासेविनया के ग्राम पृथ्वीपूरा, सरवर के ग्राम मित्तूखेड़ी, ईंटखेड़ी छाप के ग्राम खामलाखेडी,झिरनिया के ग्राम दौलतपुर ठिकरिया, खजूरी सड़क के ग्राम खेतलाखेड़ी, बकानिया के ग्राम बकानिया, मेंडोरी के ग्राम मंडोरा, बैरसिया जनपद पंचायत की जनपद पंचायत दमीला फन्दा जनपद पंचायत की जनपद पंचायत दमीला के ग्राम दमीला, गनीयारी, कढ़ैया ब्राहम्ण, भमोरी, शेषापुरा, कनेरा, बैरागढ़ के ग्राम बैरागढ़, बैरागढ़ के ग्राम परवारिया, गरेठिया दांगी के ग्राम सागोनीखुर्द, रतुआ रतनपुर के ग्राम सागोनी जोरा शामिल हैं।

186 गांवों को 2022 तक किया जाएगा ओडीएफ प्लास घोषित

बता दें कि केन्द्र सरकार ने 01 अप्रैल 2020 से स्वच्छ भारत मिशन का दूसरा चरण प्रारंभ किया है। भारत सरकार ने 1 अप्रैल 2020 से स्वच्छ भारत मिशन का दूसरा चरण प्रारंभ किया है । जिसका प्रमुख उदेश्य वर्ष 2024 तक ग्रामों में अपशिष्ट प्रबंधन की गतिविधियों को बढ़ावा देकर पर्यावरणीय स्वच्छता को टिकाउ बनाने में योगदान देना है। जिससे ग्रामीण आबादी का जीवनस्तर बेहतर हो सके। भोपाल जिले की 202 ग्रामों में से 14 ग्रामों को दिनांक 25 सितम्बर 2021 को ओडीएफ प्लस घोषित किया जा रहा है। शेष 186 ग्रामों को वर्ष 2022 मार्च तक ओडीएफ प्लस करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। ओडीएफ प्लस ग्राम अर्थात वह ग्राम जहाँ खुले में शौच से मुक्त वातावरण का निरतरता को सुनिश्चित कर ठोस एवं तरल अपशिष्ट का प्रबंधन की ओर कदम बढ़ाया गया है।

ऐसे होगा कचरे का निस्तारण

ग्राम पंचायतों में गीले कचरे को नाडेप व वर्मी कम्पोस्ट विधि से खाद तैयार की जाकर इसका व्यवसायिक उपयोग किया जाएगा।

गंदे पानी का ऐसे करेंगे निस्तारण

ग्रामो में घरों, स्कूलों, आंगनबाड़ी केन्द्रों व संस्थानों से निकलने वाले अपशिष्ट जल के लिए नालियां, सोखता गड्ढे, लीच, मैजिक पिट, वेस्ट वाटर स्टैब्लाइजेशन पॉड निर्माण किया जाएगा। इसके अतिरिक्त उचित स्थान पर नए पॉड भी निर्मित कराए जाएंगे इसके माध्यम से उपचारित जल का प्रयोग सिंचाई और धुलाई आदि कार्यों में किया जाएगा। ग्रामों को प्लास्टिक मुक्त, पॉलीथिन मुक्त, रोग मुक्त, कीचड़ मुक्त, गंदगी मुक्त सभी सार्वजनिक व व्यक्तिगत शौचालय की उपलब्धता एवं उपयोगिता ही ओडीएफ प्लस ग्राम कहलाएगा जिसके अंतर्गत व्यक्तिगत स्वछता, परिवारिक स्वछता, सामाजिक स्वच्छता, सार्वजनिक स्वछता व पर्यावरण स्वछता ही सम्पूर्ण स्वछता है।

Posted By: Lalit Katariya

NaiDunia Local
NaiDunia Local