
नवदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। शहर में भीषण गर्मी के दौरान तरबूज, खरबूज, आम की मांग तेज हो जाती है, ऐसे में बड़े कारोबारी इन्हें जल्द से जल्द पकाने के लिए केमिकल रिपनर का उपयोग करते हैं। जो कि स्वास्थ्य के लिए खतरनाक साबित हो सकता है, ऐसे में खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने मंगलवार को कार्रवाई करते हुए करोंद मंडी, लालघाटी, मिनाल रेसीडेंसी से फलों सहित केमिकल रिपनर के नमूने जब्त कर जांच के लिए भेजे हैं। जिसकी रिपोर्ट आने के बाद विभाग द्वारा आगे की कार्रवाई की जाएगी।
जानकारी के अनुसार कलेक्टर प्रियंक मिश्रा के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा प्रशासन की टीम द्वारा शहर में लगातार औचक निरीक्षण और नमूने की कार्रवाई की जा रही है। इसी के तहत मंगलवार को खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की अलग-अलग टीमों द्वारा लालघाटी स्थित दांगी फल सब्जी विक्रेता व करोंद फल-सब्जी मंडी की एक दर्जन से अधिक दुकानों पर जांच अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान फलों को कृत्रिम रूप से पकाने वाले संदिग्ध रसायनों, आम, तरबूज और खरबूज के सर्विलांस एवं जांच नमूने लिए गए हैं।
टीम द्वारा करोंद फल मंडी स्थित दुकान नंबर 18, 'सईद फ्रूट कंपनी' संचालक मोहम्मद सईद पर खाद्य सुरक्षा सर्विलांस फूड प्लान के तहत औचक निरीक्षण किया गया। यहां से फलों को कृत्रिम रूप से पकाने के लिए उपयोग में लाया जा रहा एथिलीन रिपनर को जब्त किया गया। कृत्रिम रूप से पके होने की आशंका के चलते 'आम' के नमूने लिए गए हैं।
इसी तरह टीम द्वारा न्यू फ्रूट सब्जी मंडी, करोंद स्थित दुकान नंबर 13 संचालक मोहम्मद परवेज पर कार्रवाई की गई और मानक स्तर की जांच सुनिश्चित करने के लिए तरबूज व आम के नमूने लिए गए हैं। जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी पंकज श्रीवास्तव ने बताया कि फलों व केमिकल रिपनर के नमूने लिए गए हैं, जिनकी रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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येलो राइप या एथिलीन रिपनर यह एक विशेष प्रकार का उत्पाद है जिसका उपयोग कच्चे फलों जैसे आम, केला, पपीता को प्राकृतिक रूप से और एक समान तरीके से पकाने के लिए किया जाता है। यह हानिकारक रसायनों जैसे कैल्शियम कार्बाइड का एक सुरक्षित और एफएसएसएआइ (भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण) द्वारा स्वीकृत विकल्प है।