
राज्य ब्यूरो, नईदुनिया, भोपाल । मध्य प्रदेश के भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर, उज्जैन समेत सभी 16 नगर निगम और औद्योगिक क्षेत्रों में बाजार रातभर रोशन रहेंगे। बाजार, रेस्टोरेंट, माल, होटल, बिजनेस सेंटर और सूचना प्रौद्योगिकी से जुड़े कार्यालय 24 घंटे खुले रहेंगे। हालांकि पब, बार, क्लब, शराब दुकानें नियत समय पर ही बंद होंगे।
24 घण्टे खुलेंगे बाजार, बढ़ेगा व्यापार...
अब प्रदेश में दिन-रात खुलेंगे बाजार, जिससे राज्य की अर्थव्यवस्था को लगेंगे पंख!#DrMohanYadav#CMMadhyaPradesh pic.twitter.com/jfMq80apAl
— Dr Mohan Yadav (@DrMohanYadav51) June 17, 2024
पहले श्रम विभाग ने भोपाल और इंदौर नगर निगम क्षेत्र में इस व्यवस्था को पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर करना प्रस्तावित किया था, लेकिन मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सभी नगर निगम क्षेत्रों में इस लागू करने के लिए कहा है। इसके बाद श्रम विभाग ने मध्य प्रदेश दुकान स्थापना अधिनियम 1958 के नियम की धारा 6 में संशोधित प्रस्तावित कर विधि विभाग को भेज दिया है। अगले सप्ताह से यह व्यवस्था लागू हो जाएगी।

प्रदेश के भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर, उज्जैन, देवास, रतलाम, सागर, रीवा, सतना, छिंदवाड़ा, कटनी, खंडवा, बुरहानपुर, सिंगरौली और मुरैना नगर निगम के साथ पीथमपुर, मालनपुर, मंडीदीप, पीलूखेड़ी समेत अन्य औद्योगिक क्षेत्र बाजार 24 घंटे खुलेंगे। इसके बाद मध्य प्रदेश देश का 7वां राज्य बन जाएगा। श्रम विभाग का तर्क है कि जिस तरह महाराष्ट्र, कर्नाटक, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और तेलंगाना में माल, रेस्टोरेंट, मुख्य बाजार और बिजनेस सेंटर 24 घंटे खुले रहते हैं, वैसी ही व्यवस्था मध्य प्रदेश में भी लागू होने से रोजगार के नए अवसर उपलब्ध होंगे और राजस्व में भी वृद्धि होगी।
श्रम विभाग के अधिकारियों का कहना है कि प्रदेश में कानून व्यवस्था की बेहतर स्थिति है, इसलिए 24 घंटे बाजार खोलने में कोई समस्या नहीं है। प्रदेश में 24 घंटे बाजार खुलने से GST में वृद्धि होगी। सहयोगी आर्थिक गतिविधियां बढ़ेंगी, जिससे रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। 8 घंटे की शिफ्ट के हिसाब से 3 शिफ्टों में काम होगा। सप्ताह में 48 घंटे से अधिक काम करने की अनुमति किसी को नहीं होगी।